Patna Crime News : गोनवां ओपी थाना क्षेत्र के नरेंद्र रामपुर गांव में हैप्पी राज की हत्या के एक महीने बाद भी परिवार को इंसाफ का इंतजार है. जवान बेटे की मौत के गम में डूबे बबन राय के घर में अब सन्नाटा पसरा है. परिजनों का आरोप है कि घटना के 24 घंटे के भीतर दो आरोपियों की गिरफ्तारी के बाद पुलिस की कार्रवाई धीमी पड़ गयी और मुख्य आरोपी सुनील यादव अब तक पुलिस की गिरफ्त से बाहर है.
एक महीने बाद भी मुख्य आरोपी पुलिस की पकड़ से दूर
परिजनों के अनुसार, घटना के बाद पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए दो आरोपियों को गिरफ्तार किया था. इससे परिवार को उम्मीद जगी थी कि जल्द ही मुख्य आरोपी भी गिरफ्तार कर लिया जायेगा. लेकिन घटना को 30 दिन बीतने के बावजूद सुनील यादव की गिरफ्तारी नहीं होने से परिवार की चिंता बढ़ती जा रही है.
बेटे का गम और आरोपी के खुले घूमने का डर
हैप्पी राज को खोने के बाद उसके माता-पिता गहरे सदमे में हैं. परिजनों का कहना है कि एक तरफ जवान बेटे की मौत का असहनीय दर्द है, तो दूसरी ओर मुख्य आरोपी की गिरफ्तारी नहीं होने से सुरक्षा को लेकर भय बना हुआ है. उनका आरोप है कि पुलिस की ओर से विशेष टीम गठित करने और छापेमारी की बात कही जाती रही, लेकिन अब तक मुख्य आरोपी तक पुलिस नहीं पहुंच सकी है.
‘कब मिलेगा इंसाफ’, परिवार का पुलिस से सवाल
पीड़ित परिवार का कहना है कि न्याय की उम्मीद में एक-एक दिन काटना मुश्किल हो रहा है. परिजनों ने पुलिस प्रशासन से मुख्य आरोपी को जल्द गिरफ्तार करने और मामले में कड़ी कार्रवाई करने की मांग की है. परिवार का सवाल है कि जब दो आरोपियों को घटना के तुरंत बाद गिरफ्तार किया जा सकता है, तो मुख्य आरोपी अब तक पुलिस की पकड़ से बाहर क्यों है.
पुलिस कार्रवाई पर उठ रहे सवाल
घटना के एक महीने बाद भी मुख्य आरोपी की गिरफ्तारी नहीं होने से पुलिस की कार्रवाई पर सवाल खड़े हो रहे हैं. परिजनों की मांग है कि पुलिस मामले को गंभीरता से लेते हुए फरार आरोपी की गिरफ्तारी के लिए प्रभावी अभियान चलाये, ताकि परिवार को न्याय मिल सके और क्षेत्र में कानून-व्यवस्था को लेकर लोगों का भरोसा कायम रहे.
