भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) ने केवाईसी (Know Your Customer) नियमों का पालन नहीं करने पर दि नवादा सेंट्रल को-ऑपरेटिव बैंक लिमिटेड, बिहार पर 50 हजार रुपये का मौद्रिक जुर्माना लगाया है. आरबीआई के मुख्य महाप्रबंधक ब्रिज राज ने इसकी जानकारी दी. यह कार्रवाई बैंकिंग नियमों के उल्लंघन के मामले में की गई है.
KYC रिकॉर्ड समय पर अपलोड नहीं करने पर लगा जुर्माना
आरबीआई के अनुसार, 2 जुलाई को जारी आदेश के तहत बैंकिंग विनियमन अधिनियम, 1949 के प्रावधानों के अनुसार कार्रवाई की गई. जांच में पाया गया कि बैंक ने ग्राहकों के केवाईसी रिकॉर्ड निर्धारित समय के भीतर सेंट्रल केवाईसी रिकॉर्ड्स रजिस्ट्री (CKYCR) पोर्टल पर अपलोड नहीं किए. इसे आरबीआई के केवाईसी दिशानिर्देशों का उल्लंघन माना गया.
नाबार्ड निरीक्षण में सामने आई अनियमितता
यह मामला तब सामने आया जब 31 मार्च 2025 तक की बैंक की वित्तीय स्थिति का नाबार्ड (NABARD) द्वारा सांविधिक निरीक्षण किया गया. निरीक्षण के दौरान अनियमितताएं मिलने के बाद आरबीआई ने बैंक को कारण बताओ नोटिस जारी किया. बैंक से लिखित जवाब मांगा गया और उसे अपना पक्ष रखने का अवसर भी दिया गया.
सभी तथ्यों की समीक्षा के बाद लिया गया फैसला
बैंक की ओर से दिए गए जवाब और उपलब्ध दस्तावेजों की समीक्षा करने के बाद आरबीआई ने बैंक पर 50 हजार रुपये का जुर्माना लगाने का निर्णय लिया. आरबीआई ने स्पष्ट किया कि यह कार्रवाई केवल नियामकीय नियमों के पालन में कमी के कारण की गई है.
ग्राहकों पर नहीं पड़ेगा कोई असर
आरबीआई ने यह भी स्पष्ट किया है कि इस जुर्माने का बैंक और उसके ग्राहकों के बीच हुए किसी भी लेनदेन, जमा राशि या अन्य अनुबंधों की वैधता पर कोई प्रभाव नहीं पड़ेगा. ग्राहकों को घबराने की आवश्यकता नहीं है. यह दंड केवल बैंक को नियामकीय नियमों का सख्ती से पालन सुनिश्चित कराने के उद्देश्य से लगाया गया है.
