जलवायु अनुकूल खेती के लिए और नौ-नौ गांवों का होगा चयन

राज्यभर में जलवायु अनुकूल खेती के लिए और नौ-नौ गांवों का चयन होगा. राज्यभर में अभी दस जिलों में पांच-पांच गांवों का चयन किया गया है. इन्हीं पांचों गांवों के आसपास के नौ गांवों का चयन जलवायु अनुकूल खेती के लिए किया जायेगा.

पटना : राज्यभर में जलवायु अनुकूल खेती के लिए और नौ-नौ गांवों का चयन होगा. राज्यभर में अभी दस जिलों में पांच-पांच गांवों का चयन किया गया है. इन्हीं पांचों गांवों के आसपास के नौ गांवों का चयन जलवायु अनुकूल खेती के लिए किया जायेगा. जलवायु अनुकूल खेती से ओवरऑल 16 से 25 फीसदी तक फसलों की उत्पादकता में वृद्धि हुई है, जबकि किसानों को 22 से 35 फीसदी तक अधिक मुनाफा हुआ है. इसे देखते हुए इसका विस्तार करने का निर्णय कृषि विभाग ने लिया है. किसानों को 29 फीसदी अधिक मुनाफा हुआ: जलवायु अनुकूल खेती से चावल, गेहूं, मसूर, आलू, चना और सरसों की उत्पादकता में 22 से 28 फीसदी तक की वृद्धि देखी गयी है. चावल की उत्पादकता 47.3 प्रति हेक्टेयर रही. गैर जलवायु अनुकूल खेती में यह आंकड़ा 41.6 प्रतिशत ही रहा. उत्पादकता में 16.22 प्रतिशत की वृद्धि हुई. जलवायु अनुकूल खेती से उपजे चावल का मूल्य 63880 रुपये प्रति हेक्टेयर और गैर जलवायु में 49153 रुपये प्रति हेक्टेयर किसानों को मिले. इसमें 29.96 फीसदी किसानों को अधिक मुनाफा हुआ.

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By RAKESH RANJAN

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