संवाददाता, पटना बिहार राज्य विश्वविद्यालय अतिथि सहायक प्राध्यापक संघ ने गुरुवार को धरना दिया. बिहार के 12 विश्वविद्यालयों के अतिथि प्राध्यापक अपनी सेवा नियमितीकरण की मांग को लेकर गर्दनीबाग स्थित धरनास्थल पर बैठे. ये अतिथि प्राध्यापक पिछले कई वर्षों से प्रदेश के विश्वविद्यालयों और महाविद्यालयों में अपनी सेवाएं प्रदान कर रहे हैं. संघ की प्रमुख मांग है कि सरकार इनकी सेवा को 65 वर्ष की आयु तक नियमित करने की घोषणा करे. धरना को संबोधित करते हुए एमएलसी डॉ संजय कुमार सिंह ने कहा कि अतिथि प्राध्यापकों की वर्षों की सेवा की अनदेखी करना न्यायसंगत नहीं है. सरकार को शीघ्र ही इनकी सेवा के नियमितीकरण व स्थायित्व पर ठोस निर्णय लेना चाहिए. इससे उच्च शिक्षा में निरंतरता व गुणवत्ता बनी रहे. एमएलसी डॉ बीरेंद्र नारायण यादव ने कहा कि बिहार में पहले भी अस्थायी सहायक प्राध्यापकों की सेवा नियमित की जा चुकी है. वहीं बिहार सरकार को अतिथि सहायक प्राध्यापकों की सेवा भी नियमित करनी चाहिए. वहीं इस मौके पर विधायक डॉ संदीप सौरभ ने धरने का समर्थन करते हुए कहा कि अतिथि सहायक प्राध्यापकों के नियमितीकरण के संघर्ष के साथ हूं और आपकी समस्या सदन में इस बार भी उठाऊंगा. इस मौके पर डॉ सतीश कुमार दास, डॉ आनंद आजाद,डॉ ललित किशोर,डॉ हरिमोहन कुमार, डॉ आदित्य आनन्द, डॉ बच्चा कुमार रजक, डॉ मुकेश कुमार निराला, विद्यानंद विधाता व अन्य लोग भी उपस्थित थे.
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