Bihar Revenue Department: संडे को रजिस्ट्री ऑफिस खोले जाने का असर पड़ा. सरकार को 2025-26 में निबंधन विभाग के राजस्व में निर्धारित लक्ष्य 8,250 करोड़ रुपए से ज्यादा 8,403.46 करोड़ रुपए मिले. यह लक्ष्य का 101.86 प्रतिशत है.
2024-25 में 7,500 करोड़ रुपए के लक्ष्य से बढ़कर 7,648.88 करोड़ रुपए की प्राप्ति (101.98 प्रतिशत) हुई थी. करेंट फाइनेंशियल इयर में रिवेन्यू कलेक्शन में 754.58 करोड़ रुपए (9.86 प्रतिशत) की बढ़ोतरी हुई. इनमें पटना जिला अव्वल रहा.
ये हैं बिहार के टॉप 5 जिले
सबसे ज्यादा रिवेन्यू कलेक्शन करने वाले टॉप पांच जिलों में पटना पहले स्थान पर रहा. यहां 1,361.38 करोड़ रुपए के लक्ष्य से ज्यादा 1,506.15 करोड़ रुपए की राजस्व मिला. दूसरे नंबर पर रहे अरवल जिले में 39.75 करोड़ रुपए रिवेन्यू कलेक्शन हुआ.
औरंगाबाद तीसरे नंबर पर रहा. यहां 191.38 करोड़ रुपए राजस्व अर्जित हुआ. बांका जिले में 86.39 करोड़ रुपये के लक्ष्य के मुकाबले 91.81 करोड़, जबकि शिवहर में 35.96 करोड़ के लक्ष्य के मुकाबले 37.14 करोड़ रुपए का कलेक्शन हुआ.
इस जगह का रजिस्ट्री ऑफिस रहा अव्व्ल
इसी तरह सबसे ज्यादा रिवेन्यू कलेक्शन करने वाले टॉप पांच ऑफिसों में दानापुर ऑफिस सबसे ऊपर रहा. यहां 12,633 डॉक्यूमेंट्स का रजिस्ट्रेशन करते हुए 190.68 करोड़ रुपए के लक्ष्य के मुकाबले 255.72 करोड़ रुपए (134.11 प्रतिशत) की प्राप्ति हुई. रजौली ऑफिस दूसरे नंबर पर रहा. तीसरे नंबर पर रहे पटना सिटी ऑफिस ने 7,022 डॉक्यूमेंट्स के साथ 89.58 करोड़ रुपए के लक्ष्य के मुकाबले 106.53 करोड़ रुपए (118.93 प्रतिशत) प्राप्त किए.
इस जिले में सबसे कम रिवेन्यू कलेक्शन
जानकारी के मुताबिक, कुछ जिलों में अपेक्षाकृत कम प्रदर्शन भी दर्ज किया गया. इनमें मुजफ्फरपुर (87.78%), मधुबनी (87.49%), समस्तीपुर (86.53%), बेतिया (85.53%) और मधेपुरा (81.52%) शामिल हैं.
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