LPG की लाइन से छुटकारा! बिहार में PNG कनेक्शन लेना हुआ आसान, घर बैठे फ्री में ऐसे करें अप्लाई

How To Apply For PNG Connection: बिहार में अब घरेलू PNG गैस कनेक्शन लेना आसान हो गया है. लोग घर बैठे ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं, जिससे एलपीजी सिलेंडर की झंझट से राहत मिलेगी और लगातार गैस सप्लाई सुनिश्चित होगी. इस खबर में जानिए कनेक्शन की पूरी प्रक्रिया...

How To Apply For PNG Connection: अगर आप एलपीजी सिलेंडर के लिए लंबी लाइन और इंतजार से परेशान हैं, तो अब राहत की खबर है. बिहार में पाइप्ड नेचुरल गैस (PNG) कनेक्शन लेने की प्रक्रिया को आसान बना दिया गया है. अब लोग घर बैठे ही ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं. खास बात यह है कि आवेदन पूरी तरह मुफ्त है और पीएनजी सप्लाई में किसी तरह की लिमिट भी नहीं है, यानी गैस खत्म होने का झंझट भी खत्म.

सरकार ने प्रक्रिया को बनाया सरल और पारदर्शी

बिहार के खाद्य एवं उपभोक्ता संरक्षण विभाग के अनुसार, पीएनजी कनेक्शन की पूरी प्रक्रिया को कंज्यूमर के अनुकूल बनाया गया है. अब आवेदन से लेकर कनेक्शन मिलने तक हर स्टेप को आसान और पारदर्शी किया गया है.

ऑनलाइन आवेदन करने के बाद उपभोक्ताओं को पहचान पत्र और निवास प्रमाण जैसे जरूरी दस्तावेज अपलोड करने होंगे. सत्यापन के बाद एक यूनिक बीपी (बिजनेस पार्टनर) नंबर जारी किया जाएगा, जो आगे की सेवाओं और बिलिंग के लिए जरूरी होगा.

इन जिलों में मिल रहा PNG कनेक्शन

राज्य के अलग-अलग जिलों में अलग-अलग कंपनियों के जरिए PNG कनेक्शन दिया जा रहा है.

  • पटना- GAIL
  • बांका- HPCL
  • बेगूसराय- THINK GAS
  • गया और नालंदा- IOAGPL
  • दरभंगा, गोपालगंज, मधुबनी, चंपारण (पूर्वी-पश्चिमी), शिवहर, सीतामढ़ी, सीवान, सुपौल- BPCL
  • अन्य जिले- IOCL सिटी गैस डिस्ट्रीब्यूशन

उपभोक्ता अपने जिले की संबंधित कंपनी की वेबसाइट पर जाकर रजिस्ट्रेशन कर सकते हैं.

क्या है कनेक्शन शुल्क?

हालांकि आवेदन मुफ्त है, लेकिन कनेक्शन लेने के लिए कुछ शुल्क देना होगा. विभाग के अनुसार, PNG कनेक्शन के लिए उपभोक्ताओं को सिक्योरिटी मनी के रूप में 4500 रुपये की एकमुश्त राशि देना होगा. इसके अलावा, वैकल्पिक व्यवस्था के तहत 500 रुपये रिफंडेबल शुल्क जमा कर प्रतिदिन 1 रुपये के किराया शुल्क पर भी कनेक्शन लिया जा सकता है. इसे बाद में 4500 रुपये का पूर्ण डिपॉजिट में बदला जा सकता है.

कैसे मिलता है PNG कनेक्शन?

आवेदन के बाद टेक्निकल टीम आपके घर का सर्वे करती है. अप्रूवल मिलने के बाद पाइपलाइन बिछाकर गैस कनेक्शन दिया जाता है. साथ ही जीआई/कॉपर पाइपिंग के माध्यम से गैस कंज्यूमर के घर तक पहुंचाई जाती है. इसके साथ ही गैस मीटर, रेगुलेटर एवं पाइपिंग की फिटिंग, लीकेज जांच एवं आवश्यक सुरक्षा जांच की प्रक्रिया पूरी की जाती है. सभी जांच पूरी होने के बाद गैस सप्लाई शुरू कर दी जाती है.

जितना इस्तेमाल, उतना बिल

PNG कनेक्शन में सबसे बड़ी सुविधा यह है कि उपभोक्ता को उतनी ही गैस का भुगतान करना होता है, जितना वे इस्तेमाल करते हैं. इससे खर्च पर भी कंट्रोल रहता है.

केंद्र सरकार का फोकस PNG पर

केंद्र सरकार के पेट्रोलियम एवं गैस मंत्रालय की संयुक्त सचिव सुजाता शर्मा ने कहा कि घरेलू PNG सरकार की प्राथमिकता में सबसे ऊपर है. देशभर में इसकी 100% सप्लाई सुनिश्चित करने की दिशा में काम किया जा रहा है.

क्यों बेहतर है PNG?

  • सिलेंडर खत्म होने की टेंशन नहीं
  • 24 घंटे गैस उपलब्ध
  • सुरक्षित और किफायती
  • ऑनलाइन आवेदन और आसान प्रक्रिया

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लेखक के बारे में

By Abhinandan Pandey

अभिनंदन पांडेय डिजिटल माध्यम में पिछले 2 सालों से पत्रकारिता में एक्टिव हैं. बंसल न्यूज (MP/CG) और दैनिक जागरण जैसे प्रतिष्ठित संस्थानों में अनुभव लेते हुए अब प्रभात खबर तक का मुकाम तय किए हैं. अभी डिजिटल बिहार टीम में काम कर रहे हैं. सामाजिक-राजनीतिक नब्ज को करीब से समझने का प्रयास करते हैं. देश-विदेश की घटनाओं, बिहार की राजनीति, और किस्से-कहानियों में विशेष रुचि रखते हैं. डिजिटल मीडिया के नए ट्रेंड्स, टूल्स और नैरेटिव स्टाइल्स के साथ प्रयोग करना पसंद है.

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