स्मार्ट सिटी में रिवर फ्रंट का प्लान सोशल मीडिया पर जारी, आप दे सकते हैं सुझाव
पटना : नगर निगम ने स्मार्ट सिटी की राह में एक और कदम आगे बढ़ाया है. पहले रेलवे जंकशन के रि-डेवलपमेंट के बाद अब बुधवार को निगम की तकनीकी टीम ने बांस घाट से कलेक्ट्रेट घाट तक का प्लान सोशल मीडिया पर डाल दिया. टीम ने सबसे पहले इसे फेसबुक व ट्विटर पर अपलोड किया है. नगर आयुक्त अभिषेक सिंह ने बताया कि माय गवर्नमेंट पर अपलोड करने के लिए भी शहरी विकास मंत्रालय की टीम को मेल कर दिया गया है. गुरुवार तक रिवर फ्रंट डेवलपमेंट का प्लान भी केंद्रीय वेबसाइट पर आ जायेगा. इसके बाद शहर के आम लोग उस पर भी अपना सुझाव दे सकते हैं. पूरा प्लान 25.32 करोड़ का है.
बांस घाट से लेकर कलेक्ट्रेट घाट तक सभी घाटों की कुल लंबाई डेढ़ किलोमीटर होगी. सभी घाटों पर 30 मीटर चौड़ा ग्रीन बेल्ट विकसित किया जायेगा. 130 मीटर घाटों की चौड़ाई होगी. इसके अलावा घाट पर जाने के लिए तीन रास्ते एएन सिन्हा इंस्टीच्यूट से, बांस घाट व कलेक्ट्रेट से होगा. रास्ता भी ग्रीन पाथ वे वाला होगा. नगर आयुक्त ने बताया कि रास्ते के वाल पर बिहार व देश के इतिहास कीथ्रीडी पेंटिंग रहेगी.गंगा हाट, दुकान से लेकर घाट पर क्योस्क सेंटर, एक्योरियम से लेकर वाक जोन जैसी कई सुविधाएं होगी.
पटना : एग्जिबिशन रोड पर अब भू-गर्भ नाला बनेगा. पहले से इस मार्ग पर बने रहे आरसीसी नाले के निर्माण पर रोक लगाने के लिए नगर आयुक्त अभिषेक सिंह ने पथ निर्माण विभाग ने सचिव को पत्र लिखा है. नगर आयुक्त ने कहा है कि आरसीसी नाला के निर्माण से क्षेत्र में जल-जमाव की समस्या होगी, क्योंकि अभी नाले का स्तर सड़क से ऊंचा बनाया जा रहा है.
उन्होंने बताया कि स्थानीय पार्षद विनय कुमार पप्पू ने भी इसकी लगातार निगरानी कर विरोध दर्ज कराया है. जो उचित है. गौरतलब है कि नाले का निर्माण पथ निर्माण विभाग की ओर से किया जा रहा है. जबकि भू-गर्भ नाले के लिए नगर निगम की ओर से 89 लाख की योजना पहले से तैयार है.
