पटना : जदयू के मुख्य प्रवक्ता संजय सिंह ने कहा है कि तेजस्वी यादव व तेजप्रताप यादव एक होने का दावा कर रहे हैं, लेकिन बॉडी लैंग्वेज दोनों का साथ नहीं दे रहा है.
इतना दिखावा कि बॉलीवुड का अभिनेता भी आप सभी के एक्टिंग के सामने घबरा जाये. एकता दिखाने के ड्रामे को सभी लोग समझ रहे हैं और जान रहे हैं कि सबकुछ ठीक नहीं है. सिंह ने सवालिया लहजे में कहा कि तेजस्वी, तेजप्रताप के सामने अनकंम्फर्टेबल क्यों हो जाते हैं. ऐसा लगा जैसे किसी ने जोर जबर्दस्ती से साथ में चुनाव प्रचार के लिए भेज दिया था. तेजस्वी यादव से अपना परिवार नहीं संभल रहा है और ना ही पार्टी चल रही है.
उन्होंने कहा कि तेजस्वी यादव की बेचैनी बता रही है कि सबकुछ ठीक नहीं है. उन्होंने कहा कि राजनीति कोई ड्रामा नहीं है, कोई फिल्म नहीं है. राजनीति में कई ऐसे उदाहरण हैं कि भाई-भाई में राज-पाट के लिए लड़ाई झगड़े हुए हैं. शायद अब लालू परिवार में भी कुछ यही हो रहा है.
लालू प्रसाद कहते है कि वो समाजवाद की उपज है लेकिन अपने ही परिवार में समाजवाद को भूल गए . हक बडे बेटे का और दे दिया छोटे को. वाह क्या समाजवाद है .
