पटना : राजधानी में दिन-प्रतिदिन विकास के नाम पर पेड़-पौधे काटे जा रहे हैं. लेकिन, नये पेड़-पौधे नहीं लगाये जा रहे हैं. इससे शहर का प्रदूषण स्तर काफी बढ़ा गया है. इसके साथ ही पटना हाइकोर्ट ने राज्य सरकार व नगर निगम को हरियाली को लेकर फटकार लगायी है.
इस फटकार के बाद निगम प्रशासन ने राजधानी में 50 हजार पेड़ लगाने की योजना बनायी है. इस योजना को धरातल पर उतारने को लेकर बुधवार को नगर आयुक्त अनुपम कुमार सुमन की अध्यक्षता में बैठक आयोजित की गयी. इस बैठक में पटना स्मार्ट सिटी लिमिटेड के अधिकारियों, स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट पर काम कर रही एजेंसियों के अधिकारी व निगम अधिकारियों और वन विभाग के अधिकारी उपस्थित थे. बैठक में उपस्थित निजी एजेंसी के अधिकारियों से नगर आयुक्त ने कहाकि सीएसआर के तहत सभी मुख्य व प्रधान सड़कों व गंगा रिवर फ्रंट पर 50 हजार पेड़ लगाना सुनिश्चित करें. नगर आयुक्त ने बैठक में उपस्थित अधिकारियों से कहा कि शहर में कुसुमपुर रिटर्न्स अभियान चलाया जायेगा और पेड़-पौधे लगाये जायेंगे.
अभियान को सफलतापूर्वक पूरा करने को लेकर स्मार्ट सिटी लिमिटेड के इंजीनियरों व वन विभाग के विशेषज्ञों की संयुक्त टीम बनायी गयी है. इस अभियान को मॉनसून की बारिश शुरू होने से पहले पूरा करने का लक्ष्य भी निर्धारित किया गया है. नगर आयुक्त ने कहा कि 10 से 12 फुट पर पेड़ लगाये जायेंगे.
