दनियावां : शनिवार शाम से लापता दस वर्षीय बच्चे का शव रविवार की सुबह शाहजहांपुर थाना क्षेत्र के दनियावां-बिहारशरीफ एनएच 30 ए पर नवीचक गांव के सामने सड़क किनारे पड़ा मिला.
बताया जाता है कि शाहजहांपुर थाना क्षेत्र के छोटी केवई गांव निवासी अजय कुमार जो बिहार पुलिस का जवान है. वह भागलपुर में पोस्टेड है. वह वर्षों से दनियावां बाजार में थाना के समीप घर बनाकर अपने भाई और परिजनों के साथ रहता है.
अजय की पत्नी ने बताया कि शनिवार की शाम को सरकारी अस्पताल के पास चाय की दुकान चलाने वाली एक महिला और उसके पुत्र मेरे बेटे आशीष कुमार (10) को बुलाकर ले गये थे, जो देर रात तक घर नहीं लौटा. रविवार की सुबह जब ग्रामीणों द्वारा सूचना मिली कि दनियावां-बिहारशरीफ एनएच 30ए पर नवीचक के सामने राइस मिल के बगल में एक बच्चे का शव पड़ा है.
सूचना मिलते ही आशीष के परिजन वहां पहुंचे और शव की पहचान की. प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में शव को देखने के लिए परिजनों और ग्रामीणों की भीड़ जुट गयी. शव देखते ही आशीष की मां, बहन, फुआ, चाचा-चाची दहाड़ मार कर रोने लगे. आक्रोशित ग्रामीणों और पीड़ित परिजनों ने शव को अस्पताल के सामने एनएच 30ए पर रख कर दनियावां-बिहारशरीफ मार्ग को एक घंटा तक जाम कर दिया.
मौके पर पहुंचे राजद के पूर्व विधायक अनिरुद्ध यादव और दनियावां के मुखिया बबलू चंद्रवंशी और थानाध्यक्ष मुन्ना कुमार व अमरेंद्र कुमार ने पीड़ित परिजनों को समझा-बुझा कर शांत कराया. परिजनों का आरोप था कि उनके पुत्र की हत्या कर शव फेंक दिया गया है.
वहीं, थानाध्यक्ष अमरेंद्र कुमार का कहना था कि शव को देखने से प्रथमदृष्टया यह मामला एक्सीडेंट का प्रतीत होता है. पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मामला स्पष्ट हो पायेगा. समाचार प्रेषण तक मृतक किशोर के परिजनों द्वारा कोई मामला दर्ज नहीं कराया गया था.
