पटना : स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट के तहत 80 जगहों पर जन सेवा केंद्र भी बनाये जायेंगे. इसके लिए तीन एजेंसियों को चुना गया हैं, जिन्हें वर्क ऑर्डर भी दे दिया गया है. नगर आयुक्त अनुपम कुमार सुमन ने बताया कि इस योजना पर 36.40 करोड़ का खर्च आयेगा. वहीं, एक जन सेवा केंद्र का भवन जी प्लस दो फ्लोर का होगा, जहां काउंटर रूम, सर्वररूप, सुपरवाइजर रूम व पार्षदके दफ्तर होंगे. इस सेवा केंद्र सेलोग जन्म-मृत्यु प्रमाणपत्र, आधार कार्ड, जाति प्रमाणपत्र, राशन कार्ड, स्कूल फीस, बैंक खाता आदिसरकारी सेवाओं का कागजी काम पूरा किया जायेगा.
मॉडल सड़क बनेगा वीरचंद पटेल पथ :
स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट के तहत वीरचंद पटेल पथ को मॉडल सड़क बनाया जायेगा. आयकर गोलंबर से आर ब्लॉक चौराहा तक 1.25 किलोमीटर लंबी सड़क के निर्माण पर 33.43 करोड़ खर्च होंगे. इस सड़क पर वाहन, रिक्शा-साइकिल व पैदल के लिए अलग-अलग लेन होंगे. सर्विस लेन पर वाहन पार्किंग की व्यवस्था के साथ बैठने के लिए बेंच, डस्टबीन और साइन बोर्ड लगाये जायेंगे. सौंदर्यीकरण भी किया जायेगा.
रिक्शाचालकों को मिलेगा सब्सिडी पर इ-रिक्शा
स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट के तहत एक हजार इ-रिक्शा खरीदी जा रही हैं. स्मार्ट सिटी कंपनी ने दो एजेंसियों को चयनित किया, बुधवार को वर्क ऑर्डर भी दे दिया गया है. दोनों एजेंसियां पांच-पांच सौ इ-रिक्शा मुहैया करायेंगी. इ-रिक्शा मैनुअल रिक्शा चलाने वालों के बीच सब्सिडी के साथ वितरित किया जायेगा. एक इ-रिक्शे की कीमत 1.63 लाख है.
स्मार्ट सिटी के तहत एक लाख रुपये की सब्सिडी दी जायेगी. बाकी रुपये पांच-दस वर्षों की इएमआइ पर इ-रिक्शा लेने वाले को देना होगा. वहीं, इ-रिक्शा उन्हीं को दिया जायेगा, जो मैनुअल रिक्शा जमा करेंगे. इ-रिक्शे की आपूर्ति डेढ़ से दो माह में होगी. एजेंसी मैनुअल रिक्शा चालकों का सर्वे करेगी.
