प्रमाणपत्र बनवाने के लिए लगा रहे कार्यालयों के चक्कर
पटना : शहर के प्राइवेट स्कूलों में दाखिले की दौड़ शुरू हो गयी है. इसे लेकर अभिभावकों ने दो महीने पूर्व से ही तैयारी शुरू कर दी है. विभिन्न तिथियों को स्कूलों के एडमिशन फॉर्म मिलेंगे व जमा होंगे.
फॉर्म के साथ अभिभावकों को आवश्यक कागजात भी जमा करना है. फिर बच्चे का सेलेक्शन, साक्षात्कार व एडमिशन होने तक स्कूल से लेकर नगर निगम, अंचल कार्यालय व आधार केंद्र तक अभिभावकों को चक्कर लगाते देखा जा सकता है. अभिभावकों की मानें तो बच्चे के जन्म प्रमाण पत्र से लेकर टीकाकरण का ब्योरा, जाति प्रमाण पत्र, आधार कार्ड आदि इकट्ठा करने में करीब डेढ़ से दो महीने का समय लग जाता है. तब जाकर एडमिशन के लिए किसी स्कूल में आवेदन किया जा सकता है. जिन स्कूलों में ऑनलाइन आवेदन करना है, वहां तो सभी कागजात स्कैन करके रखने पड़ते हैं.
आवेदन से पहले व बाद की तैयारी
पहले अभिभावकों को स्कूलों का चक्कर लगाना पड़ता है, ताकि यह जानकारी मिल सके कि किस स्कूल में कब से आवेदन फॉर्म मिलेगा व जमा होगा.
फिर, अभिभावकों को बच्चे का जन्म प्रमाण पत्र, जाति प्रमाण पत्र (आवश्यकता के अनुसार), आधार कार्ड, टीकाकरण का ब्योरा आवेदन फॉर्म के साथ जमा करते हैं. इसके बाद लॉटरी के रिजल्ट का इंतजार होता है. रिजल्ट आने पर अभिभावकों का साक्षात्कार व आवेदन फॉर्म के साथ जमा किये गये कागजात का स्कूल द्वारा सत्यापन किया जाता है. इस क्रम में बच्चों का भी साक्षात्कार होता है. इस प्रक्रिया को पूरी करने के बाद एडमिशन की हरी झंडी मिलती है. एडमिशन के वक्त अभिभावकों को एक शपथ-पत्र और फिर बैंक ड्राफ्ट के माध्यम से एडमिशन शुल्क का भुगतान करना होता है.
बिचौलिये सक्रिय : प्राइवेट स्कूलों में एडमिशन के लिए आवेदन प्रक्रिया आरंभ होते ही नगर निगम और अंचल कार्यालय में प्रमाणपत्र बनवाने के लिए अभिभावकों की भीड़ जुटने लगी है. मौके को देखते हुए इन कार्यालयों में बिचौलिये भी जल्द काम कराने के नाम पर सक्रिय हो गये हैं.
किस स्कूल में कब मिलेगा एडमिशन फॉर्म
डॉन बास्को एकेडमी : 3 व 4 जनवरी को डाउनलोड कर सकते हैं (5 व 6 जनवरी को जमा होगा)
बीडी पब्लिक स्कूल : 30 दिसंबर
नोट्रेडम एकेडमी : 6 व 12 जनवरी
संत जोसेफ कॉन्वेंट : 5 जनवरी कारमेल हाइ स्कूल : 10 व 11 जनवरी को
(सुबह 9:00 से शाम 6:00 बजे तक खुला रहेगा पोर्टल)
बोले अभिभावक
स्कूलों ने एडमिशन के लिए उम्र निर्धारित कर दी है. ऐसे में अपने बच्चे की उम्र के अनुसार ही किसी स्कूल में आवेदन करना पड़ता है. आवेदन के करीब डेढ़-दो माह पूर्व से एडमिशन होने तक स्कूल व विभिन्न कार्यालयों का चक्कर लगाना पड़ता है.
– राकेश कुमार, अभिभावक
प्राइवेट स्कूल में बच्चे का एडमिशन आसान नहीं है. स्कूलों में आवेदन की प्रक्रिया शुरू हो चुकी है. अभी बच्चे का एडमिशन प्राथमिकता है. करीब एक महीने से आवश्यक कागजात की तैयारी में जुटी हूं.
– मीना मिश्र, अभिभावक
बच्चे के एडमिशन को लेकर कागजात से लेकर साक्षात्कार तक की तैयारी करनी पड़ती है. सरकारी स्कूलों में बच्चों का एडमिशन जितना ही आसान है, प्राइवेट स्कूलों में औपचारिकताओं को पूरा करना उतना ही कठिन है.
– बृजेंद्र नाथ सिन्हा, अभिभावक
