पटना : मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने कहा कि एससी-एसटी को मिले आरक्षण को कोई नहीं बदल सकता है. बाबासाहेब भीमराव अांबेडकर का संविधान पूरे देश में लागू है. एससी-एसटी के लोगों से अपील करते हुए उन्होंने कहा कि काेई आदमी कुछ भी बोलता है, आरक्षण को लेकर चिंतित नहीं होना है.
उन्होंने अपील की कि वे कोई नयी योजना की मांग करते हैं या कोई सुझाव देना चाहते हैं तो जदयू मुख्यालय पर चिट्ठी भेज सकते हैं. लोगों के सुझाव से हम योजनाएं चलायेंगे. मुख्यमंत्री बुधवार को एसकेएम हॉल में आयोजित पटना जिला जदयू के दलित-महादलित सम्मेलन में बतौर मुख्य अतिथि बोल रहे थे.
सम्मेलन में मुख्यमंत्री ने न केवल एससी-एसटी के विकास और उनके हितों के प्रति अपनी प्रतिबद्धता दोहरायी, बल्कि उनके लिए चलायी जा रही योजनाओं को भी गिनाया. कहा कि अांबेडकर ने जो संविधान बनाया, उसे पूरे देश में लागू किया गया. उस संविधान के तहत एससी-एसटी के लिए आरक्षण की जो व्यवस्था है, वह बदली नहीं जा सकती है.
एससी-एसटी के मुद्दों काे लेकर सोशल मीडिया पर जो चल रहा है, उस पर उन्होंने चिंता प्रकट की. कहा कि लोग मोबाइल और सोशल मीडिया के जरिये झगड़ा कराने में एक्सपर्ट हो गये हैं. अलग-अलग जातियों का आदमी चार पोस्ट लिख देगा. फिर इसको इधर करेगा उधर कर झंझट करेगा. एससी-एसटी के अधिकार का कोई हनन नहीं कर सकता है. हम मजबूती से उनके साथ खड़े हैं.
मुख्यमंत्री ने कहा कि 2004-05 में एससी की योजनाओं का बजट 13.545 करोड़ था. हमने इसे इतना बढ़ाया कि 2018-19 में यह बजट 1224 करोड़ हो गया है.
ग्राम परिवहन योजना, सीएम आवास योजना, प्रधानमंत्री आवास योजना, छात्रावास, स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड, शिक्षा आदि के क्षेत्र में किये गये कामों का आंकड़ों के साथ जिक्र किया. उन्होंने कहा कि टोला संपर्क योजना का सर्वे हो गया है.
जल्दी ही टोले सड़क से जुड़ जायेंगे. विभिन्न योजनाओं के बारे में बताते हुए उन्होंने कहा कि जदयू के सभी कार्यकर्ता व नेता इनकी जानकारी लोगों तक पहुंचाएं और उनके मन में कोई प्रश्न है तो वो जानने की कोशिश करें.
मुख्यमंत्री ने शराबबंदी को समाज सुधार की बुनियाद बताते हुए उसके लाभ और उससे आये बदलाव गिनाये. कहा कि कुछ लोग गड़बड़ धंधा कर रहे हैं.
हर आदमी आदर्शवादी नहीं होता. जो लोग चोरी-छिपे पी रहे हैं, वे कभी-न- कभी पकड़े जायेंगे. सतत जीविकाेपार्जन योजना में ऐसे लोग, जिनके पास राशन कार्ड तक नहीं है अथवा जो शराब का धंधा छोड़ चुके हैं, उनको रोजगार उपलब्ध करा रहे हैं.
जो काम नहीं करता, वह जुबान खूब चलाता है
नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी प्रसाद यादव का नाम लिये बिना नीतीश कुमार ने कहा कि बहुत लाेगों की आदत है अनाप-शनाप बोलने की. जो काम नहीं करता है, वह जुबान खूब चलाता है. बहुत बार हमको कहता है कि चुप हैं.
इतनी बार कहता है कि मुख्यमंत्री चुप हैं. हमारा काम दिन भर बोलते रहना है कि काम करते रहना है. बोलते तो उसको रहना है, जिसको को कोई काम नहीं करना है. बोलने के लिए तो हमारी तरफ से पार्टी प्रवक्ता हैं. सम्मेलन में जदयू ने दिखायी ताकत
