सकरी नदी में बाढ़ से टूटा गांवों का संपर्क

Nawada news. प्रखंड में बीते 24 घंटे से लगातार हुए मूसलधार बारिश के कारण जनजीवन पूरी तरह से प्रभावित हो गया है. बारिश से नदियों, तालाबों, आहरों, पोखरों और खेतों में जलस्तर तेजी से बढ़ गया है.

गोविंदपुर में भारी बारिश से जनजीवन अस्त व्यस्त कैप्शन – सकरी नदी का बढ़ा हुआ जलस्तर, पुल निर्माण कार्य में लगी मशीन. प्रतिनिधि, गोविंदपुर प्रखंड में बीते 24 घंटे से लगातार हुए मूसलधार बारिश के कारण जनजीवन पूरी तरह से प्रभावित हो गया है. बारिश से नदियों, तालाबों, आहरों, पोखरों और खेतों में जलस्तर तेजी से बढ़ गया है. खासकर सकरी नदी उफान पर है, जिससे आसपास के क्षेत्रों में बाढ़ जैसी स्थिति उत्पन्न हो गई है. सकरी नदी में जलस्तर बढ़ने से नदी पार बसे सरकंडा पंचायत अंतर्गत महाबरा, सरकंडा, पिपरा, देलहुआ, शेखोपुर जैसे गांवों का संपर्क प्रखंड मुख्यालय गोविंदपुर से पूरी तरह टूट गया है. इन गांवों के हजारों लोग प्रतिदिन बाजार, अस्पताल और प्रशासनिक कार्यों के लिए गोविंदपुर आते थे, लेकिन पुल के अभाव और नदी में अधिक पानी के कारण अब उन्हें आवाजाही में भारी कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है. सब्जी उत्पादक किसानों की समस्या भी गंभीर हो गई है. सब्जी उत्पादक किसान जो प्रतिदिन मौसमी सब्जी को गोविंदपुर बाजार लाते थे, अब सकरी नदी में तेज बहाव और गहराई के कारण बाजार नहीं पहुंच पा रहे हैं. इस स्थिति से उनकी आमदनी प्रभावित हो रही है. संपर्क मार्ग टूटने का सीधा असर स्थानीय स्वास्थ्य और शिक्षा व्यवस्था पर पड़ा है. बीमार होने पर ग्रामीण सरकारी अस्पताल नहीं पहुंच पाएंगे, जिससे इलाज प्रभावित होगी. वहीं शिक्षा ग्रहण करने वाले विद्यार्थियों की पढ़ाई भी बाधित होती है. गौरतलब है कि यह समस्या हर वर्ष बारिश के मौसम में उत्पन्न होती है. जैसे ही नदी में जलस्तर बढ़ता है, ग्रामीणों की कठिनाइयां शुरू हो जाती हैं. हालांकि लंबे इंतजार के बाद महाबरा घाट पर सकरी नदी पर पुल निर्माण कार्य अब प्रारंभ हो गया है. निर्माण स्थल पर ठेकेदार संस्था ने कर्मियों के लिए कैंप भी स्थापित कर लिया है और संसाधनों की व्यवस्था की जा रही है. जल्द ही नदी में पिलर (पाया) निर्माण का कार्य शुरू होगा. इस बहुप्रतीक्षित पुल का निर्माण झारखंड के देवघर की हरदेव कंस्ट्रक्शन कंपनी के जिम्मे सौंपा गया है. सूत्रों के अनुसार पुल और संपर्क पथ की कुल लंबाई लगभग 1550 मीटर होगी. महाबरा घाट पर बनने वाला पुल लगभग 600 मीटर लंबा और चौड़ाई 12 मीटर होगी, जिसमें करीब 20 पिलर बनाए जाएंगे. पुल के दोनों ओर बनने वाला संपर्क पथ को पक्की सड़क कालीकरन के रूप में विकसित किया जाएगा. सड़क की चौड़ाई 5.5 मीटर (लगभग 18 फीट) होगी, जिससे भारी वाहन भी आसानी से गुजर सकेंगे. इस पुल के बन जाने से गोविंदपुर और सरकंडा पंचायतों के बीच सीधा सड़क संपर्क स्थापित हो जाएगा साथ ही सरकंडा, महाबरा, पिपरा, देलहुआ, शेखोपुर और रोह प्रखंड के कई अन्य गांवों को भी इसका लाभ मिलेगा. इसके अलावा झारखंड की सीमा तक जाने में लगने वाला समय भी कम हो जाएगा. गोविंदपुर थाना क्षेत्र में शामिल सरकंडा और डूमरी पंचायतें सकरी नदी के पार स्थित हैं. ऐसे में पुल के अभाव में पुलिस को भी किसी घटना के बाद समय पर पहुंचने में कठिनाई होती है. अब पुल बनने से प्रशासनिक और पुलिस कार्रवाई सुचारू रूप से हो सकेगी. वर्षों से पुल की मांग कर रहे ग्रामीणों में अब पुल निर्माण शुरू होने से उत्साह और आशा की लहर है. ग्रामीणों का मानना है कि यह पुल उनके जीवन में बड़ा बदलाव लाएगा और वर्षा ऋतु में होने वाली समस्याओं से उन्हें स्थाई राहत मिलेगी.

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Author: JAVED NAJAF

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