पटना के बापू सभागार में गुरुवार को मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने समृद्ध महिला-समृद्ध बिहार अभियान का शुभारंभ किया. इस अवसर पर मुख्यमंत्री महिला रोजगार योजना के तहत पांच लाख महिला लाभुकों के खाते में राशि का अंतरण किया गया. वहीं, जीविका निधि के माध्यम से 10 हजार महिला लाभुकों को ऋण वितरण किया गया. इधर नवादा समाहरणालय के सभाकक्ष में जिला पदाधिकारी रवि प्रकाश की उपस्थिति में कार्यक्रम का प्रसारण किया गया.
महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने पर जोर
समाहरणालय में मौजूद पदाधिकारियों और जीविका दीदियों ने मुख्यमंत्री के कार्यक्रम का सीधा प्रसारण देखा और संबोधन सुना. कार्यक्रम के दौरान महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त और आत्मनिर्भर बनाने तथा स्वरोजगार को बढ़ावा देने के लिए सरकार की ओर से संचालित योजनाओं की जानकारी दी गयी.
मुख्यमंत्री महिला रोजगार योजना और जीविका निधि के माध्यम से मिलने वाली आर्थिक सहायता से महिलाओं को स्वरोजगार एवं उद्यमिता के क्षेत्र में आगे बढ़ने का अवसर मिलेगा. इससे महिलाओं की आय बढ़ाने के साथ उनके परिवार की आर्थिक स्थिति मजबूत करने में भी मदद मिलेगी.
नशामुक्ति को लेकर हुआ एमओयू
कार्यक्रम के दौरान प्रजापिता ब्रह्माकुमारी ईश्वरीय विश्वविद्यालय और मद्य निषेध, उत्पाद एवं निबंधन विभाग के बीच समझौता ज्ञापन (एमओयू) पर हस्ताक्षर किया गया. इसके माध्यम से नशामुक्ति और सामाजिक जागरूकता के क्षेत्र में दोनों संस्थाओं के बीच सहयोग को और प्रभावी बनाने की पहल की गयी.
मौके पर उप विकास आयुक्त, गोपनीय शाखा प्रभारी, निदेशक डीआरडीए, डीपीएम जीविका, डीपीओ मनरेगा सहित अन्य संबंधित पदाधिकारी एवं बड़ी संख्या में जीविका दीदियां मौजूद थीं.
