मेसकौर : मैट्रिक परीक्षा सहित अन्य परीक्षाएं सरकार द्वारा सही से संपन्न नहीं कराने को लेकर प्रखंड के शिक्षा प्रेमियों व बुद्धिजीवियों ने निंदा की है. इन लोगों का कहना है कि जब सरकार एक परीक्षा को सही रूप से संचालित नहीं कर सकती है, तो दूसरे परीक्षा को किस तरह से संचालित कर सकती है.
सरकार के गुणवत्तापूर्ण शिक्षा की इस तरह की बयान बाजी से खुल्लम-खुल्ला पोल खुल रही है. नियोजित शिक्षक संघ के अध्यक्ष जितेंद्र कुमार ने शिक्षा मंत्री पर आरोप लगाया कि शिक्षकों का वेतनमान नहीं देने में वर्तमान शिक्षा मंत्री की ही देन है.
इधर, छात्र-छात्राओं ने भी इसकी निंदा की है. छात्र आशा कुमारी, जयमाला कुमारी, कविता कुमारी आदि का कहना है कि विद्यार्थियों को सरकार द्वारा पढ़ने को प्रेरित करना चाहिए न कि खुल्लम-खुल्ला चोरी करने का निर्देश देना चाहिए. छात्राओं ने कहा कि इस बार भी प्रथम छात्रएं ही होगी.
