-मिठनपुरा थाने की पुलिस कोर्ट से अनुमति लेकर बिसरा जांच के लिए भेजेगी एफएसएल-कोलकाता से आये चाइनीज कांसुलेट के दो अधिकारियों ने मौत को लेकर की थी छानबीन मुजफ्फरपुर. एसकेएमसीएच में इलाजरत चाइनीज बंदी ली जियाकी की मौत का कारण क्या रहा इसका बिसरा व हिस्टोपैथोलॉजी जांच रिपोर्ट से खुलासा होगा .फिलहाल चाइनीज बंदी की मौत होने को लेकर तरह- तरह की चर्चा का बाजार गर्म है. कोई अंडकोष काटने के बाद हुए संक्रमण को मौत की वजह बता रहे हैं. कोई छिपकली खाने से मौत होने की आशंका जाहिर कर रहे हैं. लेकिन, जब तक बिसरा व हिस्टोपैथोलॉजी की जांच रिपोर्ट पुलिस व जेल प्रशासन को नहीं मिल जाती. तब तक कुछ भी कहना जल्दबाजी होगी. इधर, केस के आइओ को निर्देश दिया गया है कि जल्द से जल्द कोर्ट में अर्जी देकर विसरा जांच को एफएसएल गन्नीपुर भेजने की अनुमति ले. एफएसएल रिपोर्ट आने के बाद ही मेडिकल बोर्ड चाइनीज बंदी की मौत के बारे में टिप्पणी करेगी. गुरुवार को पुलिस को चाइनीज बंदी का पोस्टमार्टम रिपोर्ट मिल गया है. हालांकि, इस रिपोर्ट में मेडिकल बोर्ड की ओर से मौत की वजह को स्पष्ट नहीं किया गया है. बिसरा व हिस्टोपैथोलॉजी की जांच रिपोर्ट आने के बाद ही मौत की फाइनल ओपिनियन देने की बात कही गयी है. इधर, चाइनीज बंदी की मौत की ज्यूडिशियल इंक्वायरी की जा रही है. न्यायिक पदाधिकारी मौत की हर बिंदु पर गंभीरता पूर्वक साक्ष्य जुटा रहे हैं. उन्होंने सेंट्रल जेल जाकर भी छानबीन किया था. जानकारी हो कि, एसकेएमसीएच में इलाजरत चाइनीज बंदी ने मंगलवार की सुबह इलाज के दौरान दम तोड़ दिया था. मृत बंदी का मजिस्ट्रेट की तैनाती में मेडिकल बोर्ड का गठन करके पोस्टमार्टम कराया गया था. बिसरा व हिस्टोपैथोलॉजी जांच के लिए शरीर का कुछ अवशेष अलग रखा गया था. गुरुवार को कोलकाता से चाइना कांसुलेट के दो अधिकारी शहर आये थे. वह सेंट्रल जेल से लेकर एसकेएमसीएच तक बंदी ली जियाकी की मौत से संबंधित छानबीन किए थे. चाइना कांसुलेट के अधिकारी भी यही जानना चाह रहे थे जब उसने सेंट्रल जेल में सुसाइड का प्रयास किया था, उसको इलाज के लिए एसकेएमसीएच में भर्ती कराया गया तो उसकी हालत में तेजी से सुधार हो रही थी. अचानक कैसे उसकी तबीयत बिगड़ी और मौत हो गयी.
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