विवि में बनेगा सोशल साइंस ब्लाॅक, कई नये कोर्स में पढ़ सकेंगे

विवि में बनेगा सोशल साइंस ब्लाॅक, कई नये कोर्स में पढ़ सकेंगे

जी प्लस-6 भवन पर 11 करोड़ रुपये खर्च करने की है योजनामेरू प्रोजेक्ट के लिए विवि ने पीएम उषा को भेजा है प्रस्ताव

मुजफ्फरपुर.

बीआरएबीयू के जर्जर सोशल साइंस के भवन को तोड़कर यहां अत्याधुनिक सुविधाओं से लैश बहुमंजिला भवन बनाया जाएगा. जी प्लस-6 माॅडल के इस भवन में सोशल साइंस ब्लॉक के साथ ही कई नये कोर्स को शुरू करने की भी योजना है. इसपर 11 करोड़ रुपये खर्च करने का प्रस्ताव है. विश्वविद्यालय ने मेरू (मल्टीडिसीप्लीनरी एजुकेशन एंड रिसर्च यूनिवर्सिटी) प्राेजेक्ट के तहत पीएम-उषा काे भेजे गये आवेदन में यह जानकारी दी है.

विश्वविद्यालय की योजना के अनुसार जी प्लस-6 भवन के ग्राउंड फ्लोर पर पार्किंग की व्यवस्था रहेगी. इसके बाद प्रथम व द्वितीय तल पर साेशल साइंस के विभिन्न विषयों के विभाग होंगे. तीसरे मंजिल पर सेंटर फाॅर क्लाइमेक्स साइंस एंड गवर्नेंस, चौथे पर बाबा साहब सेंटर फाॅर पब्लिक पाॅलिसी, पांचवें फ्लाेर पर इंटरनेशनल रिलेशनशिप डिपार्टमेंट और छठे मंजिल पर इंडियन नाॅलेज सिस्टम डिपार्टमेंट की स्थापना की जाएगी. इसमें लिफ्ट समेत सभी अत्याधुनिक सुविधाएं भी दी जाएंगी. इसके साथ ही विवि की ओर से दो और बहुमंजिला भवन बनाने का प्रस्ताव है. इसके लिए 31 कराेड़ रुपये का बजट प्रस्तावित है. यह भवन ही जी प्लस-6 माॅडल का होगा. ग्राउंड फ्लाेर पर पार्किंग के साथ ही प्रथम तल पर कंप्यूटर सेंटर, द्वितीय पर एक्विपमेंट रिसर्च फैसिलिटी, तृतीय पर आइक्यूएसी व बाेर्ड मीटिंग रूम के साथ ही रिसर्च एंड डेवलपमेंट सेंटर, प्लेसमेंट सेल व अलुमनी एसाेसिएशन सेल को व्यवस्थित किया जायेगा. चौथे फ्लाेर पर आइसीटी लेबाेलेट्री व मुक्स स्टूडियाे, फिफ्थ फ्लाेर पर राेबाेटिक्स सेंटर और छठे फ्लाेर पर इंक्यूबेशन हब बनाया जायेगा.

अलग से छात्रावास, दाे स्टेडियम का भी प्रस्ताव

विवि में शोधार्थियों के लिए अबतक अलग छात्रावास नहीं है. ऐसे में शोधार्थियों के लिए अलग से छात्रावास का निर्माण कराया जायेगा. गर्ल्स और ब्वाॅयज के लिए अलग-अलग छात्रावास बनेंगे. इसके लिए दोनों छात्रावास पर 5-5 करोड़ रुपये खर्च करने की योजना है. इसके अलावा वीसी सेक्रेटरिएट के लिए जगह चिह्नित कर ली गयी है. इंडियन नाॅलेज सिस्टम के लिए भी अलग भवन का प्रस्ताव है. इसके साथ ही खेलकूद को बढ़ावा देने के लिए दो स्टेडियम के निर्माण को लेकर भी प्रस्ताव भेजा गया है.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

Published by: Prabhat khabar news desk

यह प्रभात खबर का न्यूज डेस्क है। इसमें बिहार-झारखंड-ओडिशा-दिल्‍ली समेत प्रभात खबर के विशाल ग्राउंड नेटवर्क के रिपोर्ट्स के जरिए भेजी खबरों का प्रकाशन होता है।
और पढ़ें

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >