अपराध की काली कमाई पर पुलिस का शिकंजा, रजिस्ट्री ऑफिस से मांगा लेखा-जोखा

अपराध की काली कमाई पर पुलिस का शिकंजा, रजिस्ट्री ऑफिस से मांगा लेखा-जोखा

मुजफ्फरपुर के अपराधियों पर नकेल से हड़कंप

::: पुलिस मुख्यालय ने मुजफ्फरपुर के रजिस्ट्री ऑफिस से तलब की अपराध से अर्जित संपत्ति की जानकारी

::: अपराधियों के साथ-साथ उनके परिवार के सदस्यों की संपत्तियों का भी खंगाला जा रहा लेखा-जोखा

वरीय संवाददाता, मुजफ्फरपुर

अपराध के दलदल में डूबे लोगों की अब खैर नहीं है. पुलिस मुख्यालय ने जिले में अपराध से अर्जित की गयी संपत्ति का विस्तृत लेखा-जोखा जुटाना शुरू कर दिया है. इस कार्रवाई से अपराधी, उनके परिवार के सदस्यों और संरक्षण देने वाले रिश्तेदारों में हड़कंप मच गया है. पुलिस मुख्यालय ने मुजफ्फरपुर के रजिस्ट्री ऑफिस से अपराधकर्मियों के साथ-साथ उनके परिवार के सदस्यों के नाम पर हाल के दिनों में रजिस्ट्री हुई संपत्तियों के डीड की पूरी जानकारी तलब की है.

सूत्रों की मानें तो पुलिस मुख्यालय अपराध की दुनिया के उन तमाम चेहरों पर नकेल कसने की तैयारी में है, जिन्होंने अपराध के जरिये अकूत संपत्ति अर्जित की है. इसके लिए पुलिस न केवल अपराधियों बल्कि उनकी पत्नियों, बेटे और रिश्तेदारों तक की संपत्ति की जानकारी जुटा रही है. ताकि, अपराध से कमाये गये एक-एक पैसे का हिसाब मिल सके. इस कार्रवाई के तहत, पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि अपराधी और उनके करीबियों ने पिछले कुछ सालों में कितनी संपत्तियां खरीदी है और उनका स्रोत क्या है. क्या यह उनकी ज्ञात आय के अनुरूप है. रजिस्ट्री विभाग से मांगी गयी जानकारी में संपत्ति का प्रकार, उसका वर्तमान मूल्य और खरीद-बिक्री में शामिल लोगों का पूरा विवरण शामिल है. पुलिस मुख्यालय के एक वरिष्ठ अधिकारी ने नाम न छापने की शर्त पर बताया कि यह एक बड़ी कार्रवाई है, जिसका उद्देश्य जिले में अपराध से अर्जित संपत्ति के नेटवर्क को ध्वस्त करना है. उन्होंने कहा कि हम किसी भी कीमत पर अपराधियों को उनकी काली कमाई का लाभ उठाने नहीं देंगे. जो भी संपत्ति अपराध के पैसे से खरीदी गई है, उसे जब्त किया जायेगा.

उजागर होगी बेनामी संपत्ति, आर्थिक क्षति भी

पुलिस मुख्यालय के इस कार्रवाई से जिले के बड़े अपराधियों में दहशत का माहौल है. उन्हें अब अपनी बेनामी संपत्तियों के उजागर होने का डर सता रहा है. पुलिस की इस सख्ती से आम लोगों में भी उम्मीद की किरण जगी है कि शायद अब जिले में अपराध पर कुछ लगाम लग सकेगी. यह देखना दिलचस्प होगा कि पुलिस मुख्यालय की यह मुहिम कितने दिनों तक चलती है और कितने अपराधियों की काली कमाई का पर्दाफाश हो पाता है. फिलहाल, मुजफ्फरपुर में अपराध जगत और रजिस्ट्री विभाग में इस कार्रवाई को लेकर खूब चर्चा हो रही है.

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By Devesh Kumar

I am working as a senior reporter at Prabhat Khabar muzaffarpur. My writing focuses on nagar nigam political, social, and current topics.

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