मुजफ्फरपुर से चंदन सिंह की रिपोर्ट
Muzaffarpur News: तिरहुत रेंज के डीआइजी चंदन कुमार कुशवाहा ने मंगलवार को चारों जिला के एसएसपी व एसपी के साथ मासिक अपराध समीक्षा बैठक की. इस दौरान उन्होंने रेंज में क्राइम कंट्रोल व स्मार्ट पुलिसिंग को लेकर विशेष रणनीति तैयार की है. बैठक के दौरान लंबित कांडों के निष्पादन, अपराध नियंत्रण और विधि-व्यवस्था को और बेहतर बनाने के लिए कई कड़े दिशा-निर्देश जारी किए गए हैं. बैठक में मुजफ्फरपुर एसएसपी कांतेश कुमार मिश्रा, सीतामढ़ी एसपी अमित रंजन, वैशाली एसपी विक्रम सिहाग, शिवहर एसपी शुभांक मिश्रा, मुजफ्फरपुर के सिटी एसपी मोहिबुल्लाह अंसारी, ग्रामीण एसपी राजेश सिंह प्रभाकर आदि उपस्थित थे.
छिनतई रोकने के लिए विशेष नाका और होगा गठन
शहरी क्षेत्रों, मुख्य बाजारों, रेलवे स्टेशनों और बस स्टैंडों जैसे भीड़-भाड़ वाले इलाकों में छिनतई (स्नैचिंग) और लूट की घटनाओं पर रोक लगाने के लिए विशेष नाका गठित करने का आदेश दिया गया है.डीआइजी ने पुलिस की गश्ती बढ़ाने और सड़कों पर विजुअल पुलिसिंग सुनिश्चित करने को कहा है. इसके अलावा लूट और छिनतई की घटनाओं के त्वरित खुलासे और अपराधियों की गिरफ्तारी के लिए एसआइटी का गठन किया जाएगा, जो लूटे गए सामानों की बरामदगी भी सुनिश्चित करेगा. अपराध के हॉटस्पॉट्स को चिन्हित कर उन्हें सीसीटीवी कैमरों से लैस किया जाएगा. एनएच व मुख्य सड़कों पर की जा रही अवैध पार्किंग को हटवाने व रोकने को लेकर भी दिशा निर्देश दिया गया है. कोर्ट, समाहरणालय, शॉपिंग मॉल,प्रमुख प्रतिष्ठान के बाहर पैदल गश्ती करने का निर्देश दिया गया है.
100 से अधिक अपराधियों की जमानत रद्द कराने की तैयारी
अपराधियों पर नकेल कसने के लिए पुलिस ने सख्त रुख अपना रहा है. क्षेत्र के ऐसे पांच अपराधियों की जमानत रद्दीकरण का प्रस्ताव कोर्ट में भेजा गया था, जिन्होंने जेल से छूटने के बाद दोबारा अपराध किया था. इनमें से तीन मामलों में न्यायालय द्वारा जमानत रद्द करने का आदेश भी जारी कर दिया गया है. इसके साथ ही क्षेत्र में ऐसे करीब 100 से अधिक अपराधियों को चिन्हित किया गया है, जिनकी जमानत रद्द कराने का प्रस्ताव जल्द ही न्यायालय में भेजा जाएगा.डीआइजी ने हाईवे और मुख्य सड़कों पर अवैध पार्किंग को तुरंत हटाने और मॉल व प्रमुख कार्यालयों के पास पैदल गश्ती बढ़ाने के निर्देश दिए गए हैं.
अप्रैल माह में चारों जिला में 3699 केस हुआ दर्ज
समीक्षा बैठक में सामने आया कि अप्रैल 2026 में तिरहुत रेंज के चारों जिलों में कुल 3,699 कांड दर्ज किए गए थे, जिसके मुकाबले पुलिस ने उससे कहीं अधिक मामलों का निष्पादन किया है. बेहतर कार्य प्रदर्शन के लिए सीतामढ़ी सदर-01 के अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी ने विशेष श्रेणी के 342 दर्ज मामलों के मुकाबले 427 मामलों का निपटारा कराया. वहीं, रीगा और सीतामढ़ी के अंचल पुलिस निरीक्षकों ने भी गैर-विशेष श्रेणी के मामलों में शानदार काम किया है. इस सराहनीय कार्य के लिए इन अधिकारियों को प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया जा रहा है.डीआइजी ने सभी अनुसंधानकर्ताओं के लिए केस निपटारे और गिरफ्तारी का टारगेट तय करने का निर्देश दिया है.
एनडीपीएस सेल हुआ सक्रिय, आर्म्स एक्ट पर सख्ती
मादक पदार्थों की तस्करी रोकने के लिए गठित एनडीपीएस सेल को सक्रिय कर तस्करों के खिलाफ पिट एनडीपीएस के तहत प्रस्ताव भेजने को कहा गया है. जिन मामलों में जब्त नशीले पदार्थों के सैंपल अभी तक फॉरेंसिक लैब नहीं भेजे गए हैं, उन्हें तुरंत भेजकर एक महीने के भीतर जांच रिपोर्ट हासिल करने का अल्टीमेटम दिया गया है. आर्म्स एक्ट के मामलों में मुजफ्फरपुर जिले में बड़ी संख्या में अभियोजन स्वीकृति के मामले लंबित हैं. इसके लिए जिला अधिकारी कार्यालय से समन्वय बनाकर आगामी समीक्षा बैठक तक स्वीकृति प्राप्त करने और एक महीने के भीतर कोर्ट में फाइनल फॉर्म जमा करने का निर्देश दिया गया है.
एक महीने में तामील होंगे 707 वारंट, और 210 कुर्की
क्षेत्र के जिलों में फरार चल रहे अपराधियों के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की तैयारी है. वर्तमान में 707 वारंट, 191 इश्तहार और 210 कुर्की-जब्ती के आदेश तामिला के लिए लंबित हैं.डीआइजी ने सभी पुलिस अधीक्षकों को सख्त हिदायत दी गई है कि एक महीने के भीतर इन सभी वारंट और कुर्की के आदेशों का शत-प्रतिशत तामिला सुनिश्चित किया जाए. साथ ही थानों के मालखानों के प्रभार से जुड़े लंबित मामलों को भी एक महीने के अंदर सुलझाने का निर्देश दिया गया है.
