Muzaffarpur News: शिक्षा केवल किताबों तक सीमित नहीं होती, बल्कि संस्कारों और मानवीय मूल्यों का भी माध्यम होती है. इसी सोच के साथ मुजफ्फरपुर जिले के मध्य विद्यालय मधौल में शनिवार को अभिभावक-शिक्षक संगोष्ठी का आयोजन किया गया. कार्यक्रम का माहौल भावुक और प्रेरणादायक रहा, जहां बच्चों ने अपनी माताओं को तिलक लगाकर, पुष्पमाला पहनाकर और उनके पैर छूकर सम्मान दिया.
बच्चों ने मां को पहनाई माला
कार्यक्रम की शुरुआत बेहद भावुक पल के साथ हुई. स्कूल के बच्चों ने अपनी माताओं के माथे पर चंदन का तिलक लगाया और उन्हें फूलों की माला पहनाकर सम्मानित किया. अपनी संतानों से मिले इस सम्मान को देखकर कई माताओं की आंखें नम हो गईं.
विद्यालय प्रबंधन ने कहा कि इस तरह की पहल बच्चों में माता-पिता और बड़ों के प्रति सम्मान की भावना विकसित करने में मदद करती है.
गीत-संगीत से सजा कार्यक्रम
संगोष्ठी के दौरान छात्र-छात्राओं ने शिक्षा और मां की महिमा पर आधारित कई सांस्कृतिक प्रस्तुतियां दीं. गीत-संगीत से पूरा विद्यालय परिसर उत्साह और भावनाओं से भर गया.
कार्यक्रम का संचालन विद्यालय की शिक्षिका प्रिया ने किया. उनके प्रभावी संचालन और प्रेरक शब्दों ने कार्यक्रम को और भी आकर्षक बना दिया.
शिक्षा के साथ संस्कारों पर जोर
बैठक के दौरान शिक्षकों ने अभिभावकों के साथ बच्चों की पढ़ाई और शैक्षणिक प्रगति पर चर्चा की. प्रधानाध्यापक ने कहा कि बच्चों का सर्वांगीण विकास तभी संभव है, जब विद्यालय और परिवार मिलकर काम करें.
उन्होंने कहा कि शिक्षा केवल किताबी ज्ञान नहीं, बल्कि अच्छे संस्कारों का आधार भी है. कार्यक्रम के अंत में अभिभावकों ने विद्यालय की इस पहल की सराहना की और भविष्य में भी सहयोग देने का भरोसा जताया.
