Muzaffarpur:  ग्रीनफील्ड सैटेलाइट टाउनशिप योजना को मंजूरी, बदलेगा मुजफ्फरपुर का नक्शा

मुजफ्फरपुर का नक्शा अब पूरी तरह बदलने वाला है. 274 गांव और कई नए क्षेत्र शहर के विकास दायरे में शामिल होंगे. पढ़ें पूरी खबर और जानें किन इलाकों को मिलेगा सबसे बड़ा फायदा…

Muzaffarpur city expansion: मुजफ्फरपुर के सुनियोजित शहरी विकास को लेकर गुरुवार को जिला सभागार में आयोजित अहम बैठक में “विस्तृत ग्रीनफील्ड सैटेलाइट टाउनशिप” और जिला आयोजना क्षेत्र के विस्तार प्रस्ताव पर सहमति बनी. इस योजना के लागू होने के बाद शहर का दायरा 265.71 वर्ग किलोमीटर से बढ़कर 428.29 वर्ग किलोमीटर हो जाएगा.

274 गांव और 5 सेंसस टाउन होंगे शामिल

बैठक में बताया गया कि करीब 162.58 वर्ग किलोमीटर नया क्षेत्र योजना में जोड़ा जाएगा. इसके अंतर्गत नगर निगम मुजफ्फरपुर, नगर परिषद कांटी, नगर पंचायत माधोपुर सुस्ता और कुल 274 राजस्व गांव शामिल होंगे.

योजना के दायरे में मुसहरी, कांटी, कुढ़नी, मड़वन, मीनापुर और बोचहां प्रखंड के कई गांव आएंगे. प्रशासन का मानना है कि इससे भविष्य में शहर के अनियोजित विस्तार पर रोक लगेगी और आधुनिक शहरी सुविधाओं का विकास संभव हो सकेगा.

चारों दिशाओं में तय की गई नई सीमाएं

विस्तारित क्षेत्र की सीमाएं भी बैठक में तय की गईं.

उत्तर दिशा में मिर्जापुर, झपहां, जमालाबाद और सलेमपुर डाब से होते हुए खरिका तक क्षेत्र शामिल किया गया है.

दक्षिण दिशा में नरायणपुर, माधोपुर सुस्ता, सकरी सरैया और फंदा से होते हुए मड़वन खुर्द तक सीमा निर्धारित की गई है.

पूर्व दिशा में सिघा, मझौली उर्फ रसलपुर और नवादा से होते हुए नरायणपुर तक क्षेत्र शामिल होगा. वहीं पश्चिम दिशा में पिपराहन असली, पोखरैरा और हरचंदा से बढ़ही तक क्षेत्र प्रस्तावित है.

जनप्रतिनिधियों ने उठाए स्थानीय हितों के मुद्दे

बैठक में विधायक रंजन कुमार ने कहा कि तेजी से बढ़ते शहर के लिए योजनाबद्ध विकास जरूरी है. कांटी विधायक अजीत कुमार ने ग्रामीण क्षेत्रों की जमीन और स्थानीय लोगों के हितों की सुरक्षा के लिए स्पष्ट नीति बनाने पर जोर दिया.

महापौर निर्मला देवी ने भरोसा दिलाया कि शहर के आधुनिकीकरण के साथ नागरिक हितों को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जाएगी. कांटी प्रमुख कृपा शंकर शाही और सभापति दिलीप कुमार ने भी प्रशासनिक पारदर्शिता और मूलभूत सुविधाओं को लेकर सुझाव दिए.

अधिकारियों ने क्या कहा?

नगर आयुक्त ऋतुराज प्रताप सिंह ने कहा कि भविष्य की जरूरतों को देखते हुए सुनियोजित शहरी विस्तार बेहद जरूरी है. इससे सड़क, जलनिकासी, परिवहन और अन्य आधारभूत सुविधाओं को बेहतर बनाया जा सकेगा.

उप विकास आयुक्त श्रेष्ठ अनुपम ने कहा कि प्राप्त सुझावों और आपत्तियों का निष्पक्ष परीक्षण किया जाएगा और जनहित को ध्यान में रखते हुए आगे की कार्रवाई की जाएगी.

रिपोर्ट : प्रभात कुमार

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

Published by: Sarfaraz Ahmad

सरफराज अहमद IIMC से प्रशिक्षित पत्रकार हैं. राजनीति, समाज और हाइपरलोकल मुद्दों पर लिखते हैं. क्रिकेट और सिनेमा में गहरी रुचि रखते हैं. बीते तीन वर्षों से मीडिया क्षेत्र में सक्रिय हैं और वर्तमान में प्रभात खबर की डिजिटल टीम के साथ कार्यरत हैं।
और पढ़ें

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >