दहेज हत्या के आरोपी जाले बीडीओ मनोज कुमार को झटका: पत्नी के श्राद्धकर्म के लिए मांगी थी रिहाई, कोर्ट ने खारिज की अर्जी

मुजफ्फरपुर में दहेज हत्या के आरोपी बीडीओ मनोज कुमार की श्राद्धकर्म के लिए रिहाई की याचिका कोर्ट ने खारिज कर दी है। पत्नी की मौत के मामले में वे जेल में बंद हैं।

Muzaffarpur court: दहेज हत्या के गंभीर आरोप में जेल में बंद दरभंगा जिले के जाले प्रखंड के प्रखंड विकास पदाधिकारी (बीडीओ) मनोज कुमार को अदालत से बड़ा झटका लगा है. एसीजेएम-आठ (ACJM-8) की अदालत ने बीडीओ मनोज कुमार की ओर से दाखिल उस अर्जी को सिरे से खारिज कर दिया है, जिसमें उन्होंने जेल से अस्थायी रिहाई की गुहार लगाई थी.

आरोपी बीडीओ ने अपनी पत्नी के श्राद्धकर्म (अंतिम संस्कार के अनुष्ठान) में शामिल होने के लिए अदालत से तीन अलग-अलग तिथियों में रिहाई देने की मांग की थी.

क्या है पूरा मामला?

  • प्रताड़ना का आरोप: पुलिस और कोर्ट में दर्ज मामले के अनुसार, आरोपी बीडीओ मनोज कुमार द्वारा अपनी पत्नी को लगातार मानसिक और शारीरिक रूप से प्रताड़ित किया जा रहा था.
  • संदिग्ध मौत: इसी प्रताड़ना के बीच बीते 3 जुलाई की रात संदिग्ध परिस्थितियों में बीडीओ की पत्नी की मौत हो गई थी.
  • दहेज हत्या का मुकदमा: घटना के बाद मृतका के परिजनों ने बीडीओ मनोज कुमार और उनके परिवार पर दहेज के लिए प्रताड़ित करने और सुनियोजित तरीके से हत्या करने का संगीन आरोप लगाते हुए प्राथमिकी दर्ज कराई थी. इसी मामले में पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी बीडीओ को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था.

कोर्ट ने नहीं दी राहत, अर्जी खारिज

जेल में बंद बीडीओ की ओर से उनके वकीलों ने पत्नी के अंतिम धार्मिक अनुष्ठानों और श्राद्धकर्म में भाग लेने का मानवीय आधार हवाला देते हुए कोर्ट से अस्थायी रूप से बाहर आने की अनुमति मांगी थी. हालांकि, अपराध की गंभीरता और परिजनों द्वारा लगाए गए गंभीर आरोपों को देखते हुए एसीजेएम-आठ की अदालत ने आरोपी को किसी भी प्रकार की राहत देने से इनकार कर दिया और उनकी याचिका को नामंजूर कर दिया.


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लेखक के बारे में

Author: Premanshu shekhar

Published by: Sumit Kumar

I have 16 years of journalism experience, working as a Bureau Chief at Prabhat Khabar muzaffarpur. My writing focuses on crime,political, social, and current topics.I have experience covering assembly and parliamentary elections reporting.
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