मुजफ्फरपुर : कोर्ट में एक जज के अंगरक्षक के तौर पर तैनात सिपाही अजय कुमार राम ने बुधवार की रात पुलिस लाइन स्थित आवास की छत पर सरकारी पिस्टल से गोली मार कर खुदकुशी कर ली. गोली उनके सिर को छेदते हुए निकल गयी. गोली चलने की आवाज पर उनकी पत्नी दौड़ कर छत पर पहुंचीं, तब तक अजय की मौत हो चुकी थी. घटना के बाद पुलिस लाइन में हड़कंप मच गया. पुलिस कर्मियों ने घटना की सूचना एसएसपी को दी.
एसएसपी, सिटी एसपी नीरज कुमार सिंह, नगर डीएसपी मुकुलकुमार रंजन सहित अन्य पुलिस कर्मियों ने मौके पर पहुंच कर छानबीन की. अजय की सर्विस पिस्टल को जब्त कर छानबीन शुरू की गयी. वही शव को पोस्टमार्टम के लिए एसकेएमसीएच भेज दिया गया. घटना के बाद एफएसएल टीम ने जांच की. देर शाम पुलिस लाइन में एसएसपी समेत अन्य अधिकारियों ने अजय को श्रद्धांजलि दी.
सारण के रहने वाले थे अजय
अजय सारण जिले के रिविलगंज थाना क्षेत्र के नटवर सिमरिया गांव के रहने वाले थे. 2008 में मुजफ्फरपुर जिला बल में उनकी बहाली हुई थी. मुजफ्फरपुर कोर्ट में वह एक जज के बॉडीगार्ड थे. सरकारी क्वार्टर में वह पत्नी रिंकू देवी व दो बेटों के साथ रहते थे. परिजनों का कहना है कि अजय को किसी बात का तनाव नहीं था. पिता ने बताया कि अत्यधिक गर्मी होने की वजह से वह उन्हें मुजफ्फरपुर चलने के लिए बोला था.
पत्नी की तबीयत बिगड़ी
पति का शव देखते ही रिंकू बेहोश हो गयीं. उनकी गंभीर स्थिति को देखते हुए शहर के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया है. रिंकू को आइसीयू में रखा गया है. बताया जाता है कि दस वर्ष पूर्व अजय की शादी रिंकू के साथ हुई थी. उनका ससुराल सारण जिले के जलालपुर थाना क्षेत्र के सऊरी जलालपुर गांव में था. उन्हें दो बेटा था. एक की उम्र ढाई वर्ष व दूसरे की उम्र करीब चार वर्ष है.
