पटना/बेगूसराय : सीबीआई की छापेमारी के दौरान पूर्व मंत्री मंजू वर्मा और उनके पति चंद्रशेखर वर्मा के घर से बरामद कारतूस जांच के बाद अवैध करार दिये गये हैं. ये सभी कारतूस ऐसे हथियार के हैं, जिन्हें रखने की इजाजत आम आदमी को नहीं है. अब उनकी कभी भी गिरफ्तारी हो सकती है. सीबीआई ने पूर्व मंत्री मंजू वर्मा एवं उनके पति चंद्रशेखर वर्मा के विरुद्ध चेरियाबरियारपुर थाने में अवैध रूप से आग्नेयास्त्र रखने को लेकर प्राथमिकी दर्ज करायी थी. इसके बाद जब्त किये गये सभी 50 कारतूसों को जांच के लिए एफएसएल पटना भेजा गया था.
मंगलवार को एसपी आदित्य कुमार ने बताया कि जांच रिपोर्ट में पता चला है कि मंजू वर्मा के घर से जितने भी कारतूस बरामद किये गये थे, वे सभी अवैध हैं. एसपी ने बताया कि जिला पुलिस को जांच रिपोर्ट आने का इंतजार था. अब पुलिस उनकी गिरफ्तारी के लिए कार्रवाई करेगी.
वहीं, एसपी ने यह भी बताया कि मंजू वर्मा के पुत्र ने मंगलवार को उनसे मिलकर गुहार लगायी कि उनके घर से बरामद किये गये कारतूस उनके नहीं हैं. एसपी ने बताया कि उन्होंने मंजू वर्मा के पुत्र को उक्त बातें लिखित रूप से देने को कहा है. उन्होंने कहा कि अगर उनके द्वारा लिखित आवेदन दिया जाता है तो उसकी की भी जांच होगी.
छापेमारी में बरामद हुए थे 50 कारतूस
17 अगस्त को मंजू वर्मा के श्रीपुर अर्जुन टोला स्थित घर पर सीबीआई की रेड के दौरान 50 अवैध कारतूस बरामद हुए थे. सीबीआई ने कमरा नं-2 रखे एक बॉक्स से .323 बोर के 18 कारतूस, 8 एमएम बोर के 10 कारतूस, 7.62 बोर के 19 कारतूस व थ्री नोट थ्री बोर के छह कारतूस बरामद किये थे. उक्त सभी कारतूस आम आदमी को रखने की इजाजत नहीं है. इसको लेकर सीबीआई ने मंजू से पूछताछ भी की थी़
