राशि के लिए भटक रहे खिलाड़ी, एडवांस का नहीं हो पा रहा समायोजन

खेल विभाग के पास वर्ष 2019 से अबतक का लगभग आठ लाख का पड़ा है एडवांस

खेल विभाग के पास वर्ष 2019 से अबतक का लगभग आठ लाख का पड़ा है एडवांस

प्रतिनिधि, मुंगेर

मुंगेर विश्वविद्यालय की विभिन्न टीमों के लिए खेलने वाले खिलाड़ी और इन टीमों को लेकर जाने वाले टीम मैनेजर अपनी राशि के लिए खेल विभाग का चक्कर लगा रहे हैं. वहीं खेल विभाग के पास वर्ष 2019 से अबतक लगभग आठ लाख रुपये का एडवांस पड़ा है, जिसका समायोजन अबतक नहीं हो पाया है. वहीं साल 2021 से 2022 के बीच कई खिलाड़ियों व मैनेजरों को फंड के अभाव में अपने पॉकेट से पैसा लगाकर खेलना पड़ा. इस दौरान कई कर्मियों और शिक्षकों को जो राशि एडवांस के रूप में दे दी गयी, उसका समायोजन तक अबतक नहीं हो पाया है.

बता दें कि एमयू के लिए साल 2021 से 2022 में इंटर विश्वविद्यालय टूर्नामेंट तथा एकलव्य टीम में कई खिलाड़ियों ने विश्वविद्यालय के लिए खेला. इसमें कई खिलाड़ियों को अपने पॉकेट से ही पैसे लगाकर इन टूर्नामेंट में भाग लेना पड़ा, जबकि इन टीमों को लेकर जाने वाले कई मैनेजरों को भी अपने पैकेट से ही पैसा लगातार टीम को लेकर जाना पड़ा था, दो साल बाद भी वे अपने ही वाजिब पैसे के लिए खेल विभाग का चक्कर लगा रहे हैं.

सवालों के घेरे में एमयू के खेल विभाग की कार्य प्रणाली

एमयू के खेल विभाग की कार्य प्रणाली खुद अब सवालों के घेरे में आने लगी है. हाल यह है कि खुद एमयू के खेल विभाग के पास साल 2019 से अबतक पांच लाख से अधिक का एडवांस है. बता दें कि खेल विभाग के एकमात्र कर्मी के पास ही साल 2019 से 2022 के बीच 4.79 लाख का एडवांस है. इसमें 23.12.2019 को इंटर यूनिवर्सिटी एथलेटिक्स टूर्नामेंट में पुरुष व महिला टीम को लेकर जाने के लिए 69 हजार, 4.2.2020 को एकलव्य टूर्नामेंट के लिए 2.50 लाख, 15.2.2020 को इसी टूर्नामेंट के लिए 80 हजार तथा 15.12.2022 को इंटर यूनिवर्सिटी टूर्नामेंट के लिए एडवांस राशि दी गयी. इसका समायोजन अबतक नहीं हो पाया है. इसके अतिरिक्त इस दौरान कई अन्य शिक्षकों को भी खेल टीमों को लेकर जाने के लिये एडवांस दिया गया. हालांकि इन शिक्षकों द्वारा अपना बिल तो दे दिया गया, लेकिन अबतक राशि का समायोजन नहीं किया गया है.

कहते हैं वित्त पदाधिकारी

एमयू के वित्त पदाधिकारी प्रो रंजन कुमार ने बताया कि खेल विभाग को कई बार एडवांस सेटलमेंट के लिए कहा गया है, लेकिन अबतक खेल विभाग द्वारा एडवांस राशि का समायोजन नहीं कराया गया है. इसे लेकर खेल पदाधिकारी को भी कहा गया है.

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By Prabhat Khabar News Desk

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