मुंगेर
दीपक ठाकुर हत्याकांड में सोमवार को अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश प्रथम अमित रंजन उपाध्याय की अदालत ने गांधी नगर बरियारपुर निवासी शशि मंडल को दोषी पाते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई. न्यायालय में सेशन वाद संख्या 201/2024 में सजा के बिंदुओं पर सुनवाई हुई. अदालत ने अभियोजन और बचाव पक्ष की दलीलें सुनने के बाद शशि मंडल को भारतीय दंड संहिता की धारा 302 के तहत आजीवन कारावास तथा आर्म्स एक्ट की धारा 27 के तहत पांच वर्ष की सजा सुनाई. न्यायालय ने आदेश दिया कि दोनों सजाएं साथ-साथ चलेंगी. अभियोजन पक्ष की ओर से अपर लोक अभियोजक प्रणव कुमार ने बहस में भाग लिया. अभियोजन के अनुसार 12 अक्टूबर 2023 की रात गांधी नगर, बरियारपुर निवासी दीपक ठाकुर की उनके घर के समीप गोली मारकर हत्या कर दी गई थी. घटना के बाद मृतक की पत्नी रुचि देवी के बयान पर बरियारपुर थाना में कांड संख्या 175/2023 दर्ज किया गया था. प्राथमिकी में शशि मंडल और उदय यादव उर्फ गौरव यादव को नामजद अभियुक्त बनाया गया था. मुकदमे की सुनवाई के दौरान न्यायालय ने साक्ष्यों के आधार पर शशि मंडल को दोषी करार दिया, जबकि सह अभियुक्त उदय यादव उर्फ गौरव यादव को पूर्व में साक्ष्य के अभाव में बरी कर दिया गया था. अदालत के फैसले के बाद मृतक के परिजनों ने न्याय मिलने की बात कही.दीपक हत्याकांड में बरियारपुर के शशि मंडल को उम्रकैद
न्यायालय ने आदेश दिया कि दोनों सजाएं साथ-साथ चलेंगी. अभियोजन पक्ष की ओर से अपर लोक अभियोजक प्रणव कुमार ने बहस में भाग लिया.
