Motihari : पर्व पर घर आने वाले बच्चों को पिलायी जायेगी पोलियो की दवा

यह अभियान आगामी 28 अक्टूबर 2025 तक चलेगा.

– नेपाल व बाहरी राज्यों से लौटने वाले 5 वर्ष तक के बच्चों पर रहेगी नजर – चुने हुए बस स्टैंड एवम रेलवे स्टेशन पर पिलाई जाएगी दवा मोतिहारी. दीपावली और छठ पर्व पर बाहर से आने वाले बच्चों को पोलियो संक्रमण से सुरक्षित रखने के उद्देश्य से जिले में विशेष पल्स पोलियो अभियान की शुरूआत की गयी है. यह अभियान आगामी 28 अक्टूबर 2025 तक चलेगा. इस दौरान रेलवे, बस स्टैंड और छठ घाटों पर पांच साल तक के बच्चों को पोलियों का खुराक पिलाया जायेगा. जिसकी शुरूआत जिला मुख्यालय से सिविल सर्जन डॉ रविभूषण श्रीवास्तव व डीआईओ डॉ शरत चंद्र शर्मा ने की. बताया की नेपाल व बाहरी राज्यो से बिहार लौटने वाले 5 वर्ष तक के बच्चों पर टीम की नजर रहेगी. वहीं प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र रक्सौल के प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी डॉ राजीव रंजन ने बताया की रक्सौल के सटे हुए नेपाल की सीमा है जहां से बाहरी लोग आते है. इसको लेकर स्थानीय बस स्टैंड व रेलवे स्टेशन पर बच्चों को दवा पिलाई जाएगी. 05 साल तक के बच्चों को पोलियो की खुराक रेलवे स्टेश नए बस स्टैंड के साथ छठ घाटों पर भी टीकाकरण की व्यवस्था की गयी है. विशेष अभियान में खासकर वैसे बच्चों पर विशेष ध्यान दिया जाना है, जो त्योहार के समय अपने घर आए हों. सीएस ने कहा कि पर्व त्योहार में बाहर से आने.जाने वाले बच्चे पोलियो की खुराक पीकर पोलियो के संभवित खतरों के प्रति सुरक्षित हो सकें. इसलिए ट्रांजिट टीम के साथ स्वास्थ्य कर्मियों को निर्देशित किया गया है कि रेलवे स्टेशनए बस स्टैंड के साथ छठ घाटों पर बच्चों को प्लस पोलियो की दो बूंद दवा अवश्य पिलाए. डीआइओ ने बताया कि जिले में ट्रांजिट प्वाइंट्स चिन्हित करते हुए टीकाकर्मी दलों की तैनाती की गई है. कहा कि पूर्वी चंपारण को 3 हजार 455 वायल की आपूर्ति की गयी है. एक वायल में करीब 18 बच्चों को दवा पिलायी जायेगी. इससे अनुमान लगाया जा रहा है कि इस अभियान में करीब 62 हजार 190 बच्चों को पोलियों ड्रॉप पिलाने का लक्ष्य है. छठ घाटों पर दवा पिलाने की विशेष व्यवस्था डीआइओ ने बताया कि इस वर्ष जिले के सभी प्रमुख छठ घाटों, बस स्टैंड, रेलवे स्टेशन और सार्वजनिक स्थलों पर पोलियो की दवा पिलाने के लिए ट्रांजिट टीमों की तैनाती की गई है. प्रत्येक प्रखंड में विशेष टीमें गठित की गई हैं जो लगातार निगरानी करेंगी कि एक भी बच्चा छूटे नहीं.उन्होंने बताया कि जिले में बाहर से लौटने वाले परिवारों के कारण संक्रमण का जोखिम बढ़ सकता है, इसलिए दीपावली-छठ पर्व के दौरान पूर्ण सतर्कता और निगरानी के साथ अभियान चलाया जाएगा. 11 दिनों तक चलेगा अभियान, 82 टीम का गठन डीआईओ ने बताया कि इस बार अभियान के लिए जिले में कुल 82 टीम निर्धारित किए गए हैं. इनमें 164 वैक्सीनेटर और 7 सुपरवाइजर शामिल हैं जो 11 दिनों तक अपने-अपने क्षेत्र में तैनात रहेंगे. प्रत्येक टीम को यह सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया है कि आने-जाने वाले सभी बच्चों को दवा पिलाई जाए और अभियान की प्रगति की दैनिक रिपोर्ट सौंपी जाए. अभिभावकों से दवा पिलाने की अपील डीआइओ डॉ. शरत चंद्र शर्मा ने कहा कि जिला प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग ने संयुक्त रूप से सभी अभिभावक से अपील किया है कि अपने बच्चों को पोलियो की दो बूंद दवा अवश्य पिलाएं और स्वास्थ्य कर्मियों को सहयोग करें. सिविल सर्जन ने कहा कि “यह अभियान केवल प्रशासनिक नहीं बल्कि जनभागीदारी का प्रतीक है. आपकी सजगता ही आपके बच्चे को आजीवन अपंगता से बचा सकती है.

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Published by: Digvijay singh

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