मोतिहारी क्राइम: रामगढ़वा प्रखंड क्षेत्र के जैतापुर उपडाकघर में पदस्थापित उपडाकपाल के खिलाफ यौन शोषण, नाबालिग लड़की पर गलत नीयत रखने और धमकी देने के आरोप में पलनवा थाना में प्राथमिकी दर्ज की गई है. पीड़िता की शिकायत पर पुलिस ने कांड संख्या 174/26 दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है.
पुलिस को दिए आवेदन में पीड़िता ने आरोप लगाया है कि उपडाकपाल ने उसे डरा-धमकाकर जबरन शारीरिक संबंध बनाया और लंबे समय तक उसका यौन शोषण करता रहा. पीड़िता का यह भी आरोप है कि आरोपी ने उसकी नाबालिग बेटी पर गलत नीयत रखते हुए अनैतिक संबंध बनाने के लिए दबाव डाला.
विरोध करने पर गंभीर परिणाम भुगतने की धमकी का आरोप
पीड़िता के अनुसार, आरोपी की कथित हरकतों का विरोध करने पर उसे गंभीर परिणाम भुगतने की धमकी दी गई. इसके बाद उसने मामले की शिकायत पुलिस से की. पीड़िता ने पुलिस को आरोपी से हुई बातचीत की रिकॉर्डिंग, कॉल डिटेल्स और अन्य साक्ष्य भी उपलब्ध कराए हैं.
पुलिस अब उपलब्ध कराए गए साक्ष्यों के तकनीकी पहलुओं की जांच कर रही है. अधिकारियों का कहना है कि जांच के दौरान सभी आरोपों और साक्ष्यों की विभिन्न बिंदुओं पर पड़ताल की जाएगी.
कोर्ट में दर्ज कराया गया पीड़िता का बयान
प्राथमिकी दर्ज होने के बाद पुलिस ने पीड़िता का न्यायालय में धारा 164 के तहत बयान दर्ज कराया. इसके अलावा उसका मेडिकल परीक्षण भी कराया गया है. मामले की जांच आगे बढ़ने के साथ पुलिस अन्य आवश्यक साक्ष्य भी जुटा रही है.
पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि पीड़िता की ओर से लगाए गए आरोपों के संबंध में उपलब्ध रिकॉर्डिंग, कॉल डिटेल्स और अन्य साक्ष्य कितने प्रमाणिक हैं. तकनीकी जांच और अन्य तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी.
पुलिस ने कहा, जांच के आधार पर होगी कार्रवाई
पलनवा थानाध्यक्ष अनिल कुमार गुप्ता ने बताया कि पीड़िता के आवेदन पर प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है. पीड़िता की ओर से उपलब्ध कराई गई कॉल रिकॉर्डिंग, कॉल डिटेल्स और अन्य साक्ष्यों की तकनीकी जांच की जा रही है.
उन्होंने कहा कि मामले की जांच विभिन्न स्तरों पर की जा रही है. जांच में सामने आने वाले तथ्यों और साक्ष्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी. घटना के बाद क्षेत्र में मामले को लेकर चर्चा का माहौल है.
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