Raxaul News: नेपाल के वीरगंज स्थित नारायणी अस्पताल में इलाज के दौरान एक मरीज की मौत के बाद चिकित्सक पर हुए हमले के विरोध में डॉक्टर और स्वास्थ्यकर्मी आंदोलन पर उतर आए हैं. घटना के बाद अस्पताल के चिकित्सा कर्मियों ने सुरक्षा की मांग को लेकर विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया है.
सोमवार को बड़ी संख्या में चिकित्सक और स्वास्थ्यकर्मी वीरगंज के घंटाघर पर जुटे और स्वास्थ्य संस्थानों में बढ़ रही हिंसक घटनाओं के खिलाफ प्रदर्शन किया.
दोषियों पर कड़ी कार्रवाई की मांग
प्रदर्शन कर रहे स्वास्थ्यकर्मियों ने हमले में शामिल लोगों के खिलाफ कानून के तहत सख्त कार्रवाई करने और अस्पतालों में डॉक्टरों व स्वास्थ्यकर्मियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग की.
उनका कहना है कि इलाज के दौरान ड्यूटी पर तैनात चिकित्सकों पर हमला पूरे स्वास्थ्य क्षेत्र के लिए गंभीर चिंता का विषय है. इससे अस्पतालों में काम करने वाले चिकित्सा कर्मियों के बीच असुरक्षा की भावना बढ़ रही है.
रविवार रात से बंद है इमरजेंसी सेवा
स्वास्थ्यकर्मियों के अनुसार, घटना के विरोध में रविवार रात से ही नारायणी अस्पताल की आकस्मिक (इमरजेंसी) सेवा बंद कर दी गई है.
उन्होंने चेतावनी दी है कि जब तक अस्पताल में सुरक्षित कार्य वातावरण सुनिश्चित नहीं किया जाता, तब तक उनका आंदोलन जारी रहेगा.
सुरक्षित माहौल की मांग
प्रदर्शनकारियों ने सरकार से स्वास्थ्य संस्थानों में हिंसक घटनाओं पर प्रभावी रोक लगाने के लिए ठोस सुरक्षा व्यवस्था लागू करने की मांग की.
साथ ही उन्होंने कहा कि दोषियों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई के साथ डॉक्टरों और स्वास्थ्यकर्मियों के सम्मान एवं सुरक्षा की गारंटी सुनिश्चित की जाए, ताकि वे बिना भय के मरीजों का इलाज कर सकें.
फिलहाल आंदोलन जारी है और स्वास्थ्यकर्मी सरकार की ओर से ठोस आश्वासन मिलने का इंतजार कर रहे हैं.
