मधुबनी में मिलेट प्रोडक्ट प्रोसेसिंग की ट्रेनिंग, महिलाओं को सशक्त बनाने की पहल

मिलेट से उत्पाद तैयार करने की ट्रेनिंग ले रहे प्रतिभागियों को अब सरकारी योजनाओं की जानकारी भी दी गई. मधुबनी में प्रशिक्षण के निरीक्षण के दौरान महिलाओं को स्वावलंबी बनने और योजनाओं का लाभ उठाने के लिए प्रेरित किया गया.

मधुबनी मिलेट प्रोडक्ट प्रोसेसिंग ट्रेनिंग: ग्राम विकास युवा ट्रस्ट, मधुबनी की ओर से प्रधानमंत्री कौशल विकास योजना 4.0 के तहत चल रहे मिलेट प्रोडक्ट प्रोसेसिंग प्रशिक्षण के दो बैच का निरीक्षण किया गया. महिला एवं बाल विकास निगम, मधुबनी के जिला परियोजना प्रबंधक हेमंत कुमार मंडल ने प्रशिक्षण केंद्र पहुंचकर प्रतिभागियों से बातचीत की और प्रशिक्षण की स्थिति की जानकारी ली.

प्रतिभागियों से जाना प्रशिक्षण का अनुभव

निरीक्षण के दौरान हेमंत कुमार मंडल ने प्रशिक्षण ले रहे प्रतिभागियों से अब तक सिखाये गए कौशल और उसकी उपयोगिता के बारे में विस्तार से जानकारी ली. उन्होंने प्रतिभागियों से मिलेट से अलग-अलग उत्पाद तैयार करने की प्रक्रिया, उत्पादों की गुणवत्ता और प्रशिक्षण के दौरान मिले व्यावहारिक ज्ञान को लेकर संवाद किया.

इस दौरान प्रशिक्षण की गुणवत्ता, प्रतिभागियों की सहभागिता और प्रशिक्षण से मिलने वाले व्यावहारिक कौशल का भी अवलोकन किया गया. प्रतिभागियों से यह समझने की कोशिश की गई कि प्रशिक्षण में सीखी तकनीकों का इस्तेमाल वे आगे किस तरह कर सकते हैं.

मिलेट से उत्पाद बनाकर कमाई पर जोर

निरीक्षण के दौरान प्रतिभागियों को प्रशिक्षण पूरा करने के बाद सीखे हुए कौशल का प्रभावी इस्तेमाल करने के लिए प्रोत्साहित किया गया. उन्हें स्वावलंबी बनने और आर्थिक रूप से मजबूत होने की दिशा में आगे बढ़ने के लिए प्रेरित किया गया.

अधिकारियों ने प्रशिक्षण को सिर्फ कौशल सीखने तक सीमित नहीं रखने, बल्कि इसके जरिए रोजगार और स्वरोजगार के अवसर तैयार करने पर भी जोर दिया. मिलेट से तैयार होने वाले उत्पादों को बेहतर गुणवत्ता के साथ बाजार तक पहुंचाने की संभावनाओं पर भी प्रतिभागियों को जागरूक किया गया.

महिला एवं बाल कल्याण योजनाओं की दी जानकारी

कार्यक्रम के दौरान प्रतिभागियों को महिला एवं बाल विकास निगम, बिहार की ओर से संचालित विभिन्न योजनाओं और कार्यक्रमों की जानकारी भी दी गई. इनमें महिला एवं बाल कल्याण, सुरक्षा, संरक्षण, सशक्तिकरण, पुनर्वास और कौशल विकास से जुड़ी योजनाएं शामिल हैं.

प्रतिभागियों को योजनाओं के उद्देश्य, पात्रता और मिलने वाले लाभ के बारे में विस्तार से बताया गया. पात्र महिलाओं और अन्य लाभार्थियों को संबंधित योजनाओं का लाभ लेने के लिए जागरूक और प्रेरित किया गया.

कौशल के साथ योजनाओं से जोड़ने पर जोर

कार्यक्रम में इस बात पर जोर दिया गया कि कौशल विकास प्रशिक्षण लेने वाले प्रतिभागियों को सरकारी कल्याणकारी योजनाओं की जानकारी भी मिले. इससे वे प्रशिक्षण से प्राप्त ज्ञान और कौशल का इस्तेमाल अपने आर्थिक और सामाजिक सशक्तिकरण के लिए कर सकेंगे.

प्रशिक्षण के दौरान प्रतिभागियों को मिलेट प्रोडक्ट प्रोसेसिंग के साथ सरकारी योजनाओं से जुड़ने के अवसरों की जानकारी मिलने से उनके लिए स्वरोजगार और आर्थिक आत्मनिर्भरता की दिशा में आगे बढ़ने का रास्ता तैयार हो सकता है.

यह भी पढ़ें:

डॉक्टर बनने का सपना देख रहा था ध्रुव, सड़क हादसे में 21 वर्षीय MBBS छात्र की मौत

प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी

लेखक के बारे में

By Awadesh kumar das

Digital Media Journalist having more than 2 years of experience in life & Style beat with a good eye for writing across various domains, such as tech and auto beat.
Read More
ePaper

अपने दैनिक समाचार अनुभव को और बेहतरीन बनाएं

सिर्फ ₹399 ₹149

एक साल के लिए

आज ही सब्सक्राइब करें

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >