2008 में लखनऊ से Rs 2.5 करोड़ चोरी करने वाला धराया
बेनीपट्टी : थाना पुलिस के द्वारा सोमवार की सुबह गंगुली चौक से चोरी के तीन आरोपितों को 10 किलो के सिक्के, जिसमें एक, दो व पांच रुपये शामिल हैं के साथ गिरफ्तार किया है. गिरफ्तार आरोपितों की पहचान सीतामढ़ी जिले के सुरसंड थाना क्षेत्र के शिवशंकर सहनी(31), सुरसंड थाना के ही रवि कुमार(28) और दीपक […]
बेनीपट्टी : थाना पुलिस के द्वारा सोमवार की सुबह गंगुली चौक से चोरी के तीन आरोपितों को 10 किलो के सिक्के, जिसमें एक, दो व पांच रुपये शामिल हैं के साथ गिरफ्तार किया है. गिरफ्तार आरोपितों की पहचान सीतामढ़ी जिले के सुरसंड थाना क्षेत्र के शिवशंकर सहनी(31), सुरसंड थाना के ही रवि कुमार(28) और दीपक राउत (25) के रूप मे की गयी.
इसमें पूछताछ में जो बातें सामने आयी वह चौंकाने वाली है. गिरफ्तार शिवशंकर सहनी पर साल 2008 में लखनऊ के एक सेठ के घर से उनके घरेलू नौकर के साथ मिलकर करीब ढाई करोड़ रुपये चोरी कर भाग जाने का मामला सामने आया है. पुलिस इस मामले में पूरी तरह से पूछताछ कर रही है.
जानकारी के अनुसार स्थानीय थाना क्षेत्र के गंगुली चौक पर चल रहे छोटे प्रसाद महतो की पान दुकान में चोरों ने रुपये पर हाथ साफ कर भाग निकला. जिसे लोगों ने खदेड़कर दबोच लिया और चोरी की सूचना दुकानदार श्री महतो ने बेनीपट्टी थाना पुलिस को दी. सूचना मिलते ही बेनीपट्टी थाना के एएसआई राम प्रवेश प्रसाद व सुभाष मिश्रा ने दल बल के साथ पहुंचकर पुलिस हिरासत में ले लिया. बताया जा रहा है कि वह तीनों कबाड़ा खरीदारी करने के बहाने बेनीपट्टी अनुमंडल क्षेत्रों में घूमघूम कर चोरी की घटना को अंजाम दिया करता था. सोमवार की सुबह बिस्फी थाना के तीसी से लौटने के दौरान घटना को अंजाम दिया. पकड़े गये तीनों आरोपितों में शिवशंकर सहनी को मास्टर माइंड अपराधी बताया जा रहा है. जानकारी डीएसपी पुष्कर कुमार ने प्रेस वार्ता के दौरान दी है.
पूछताछ में हुआ खुलासा . पुलिस ने गिरफ्तार आरोपितों से पूछताछ शुरू की तो
2008 में लखनऊ
शिवशंकर सहनी ने बताया कि उसने साल 2008 में लखनऊ के एक सेठ मोहनलाल अग्रवाल की दुकान में भी अपने ही गांव (सुरसंड) के सेठ के नौकर सुबोध राउत के साथ मिलकर ढाई करोड़ रुपये की चोरी की घटना को अंजाम दिया था. जिसमें बतौर हिस्सा सहनी को 45 लाख रुपये मिले थे. जिससे वह अपने गांव आकर आलीशान मकान बना लिया और तीन पोखर भी लीज पर ले लिया. वहीं काफी साल पहले वह गांव में भी चोरी की घटना को अंजाम दिया था, जिसको लेकर सुरसंड थाने में भी सहनी के खिलाफ मामले दर्ज थे. ढाई करोड़ की चोरी व गांव में की गयी चोरी की घटना में अपनी संलिप्तता भी सहनी ने स्वीकार कर ली है.
वहीं एसडीपीओ पुष्कर कुमार ने बताया कि कबाड़ा कारोबार के नाम पर उक्त तीनों आरोपितों ने कई घरों में चोरी की घटना को अंजाम दे चुका है. तीनों में सहनी मास्टरमाइंड चोर की श्रेणी में शामिल था और सुबह भी चोरी की घटना को अंजाम देने के दौरान पकड़ा गया है. तीनों के खिलाफ सुसंगत धाराओं के तहत प्राथमिकी दर्ज कर जेल भेजा जा रहा है. साथ ही लखनऊ पुलिस से भी इस मामले में संपर्क किया जा रहा है. मौके पर सीओ पूरेंद्र कुमार सिंह, पुलिस निरीक्षक सह बेनीपट्टी एसएचओ हरेराम साह, एसआइ रवींद्र प्रसाद, एएसआई राम प्रवेश प्रसाद, सुभाष मिश्रा समेत अन्य लोग भी मौजूद थे.