मधुबनी : विभिन्न संगठनों द्वारा आहुत दो दिवसीय हड़ताल के दूसरे दिन ओपीडी में सन्नाटा पसरा रहा. साथ ही इमरजेंसी में भी मरीजों की संख्या में अन्य दिनों की भांति कमी दिखाई दी . शुक्रवार को इमरजेंसी वार्ड में दोपहर तक लगभग 20 मरीज को देखा गया. वहीं प्रसव कक्ष में शुक्रवार को डाॅ. सुप्रिया व ए ग्रेड डेजलिंग कलेट के द्वारा पांच सामान्य प्रसव कराया गया. जबकि हेपटाइटिस से ग्रसित मरीज रौशनी ठाकुर को प्रसव के लिए दरभंगा रेफर किया गया. डाॅ. सुप्रिया ने बताया कि ओटी में हड़ताल के कारण उसे रेफर किया गया.
मधेपुरा पंडौल की बीनीता देवी ने बताया कि अल्ट्रा साउंड की जांच तो हो गयी ,लेकिन ओपीडी के चिकित्सक के नहीं रहने से जांच नहीं हो सकी. इधर पूर्व निर्धारित हड़ताल के कारण शुक्रवार को मरीजों का सदर अस्पताल में आना नहीं के बराबर रहा. जबकि इमरजेंसी में आने वाले प्रत्येक मरीजों का उपचार किया गया. रक्त अधिकोष के डाॅ. विनोद कुमार झा ने बताया कि रक्त अधिकोष में हड़ताल का विशेष असर नहीं रहा.
राजनगर. स्वास्थ्य कर्मियों द्वारा राज्यव्यापी हड़ताल दूसरे दिन भी जारी रहा. हड़ताल और धरना के कारण आज भी आउट डोर के मरीजों को पीएचसी में इलाज नही हो पाया. आउटडोर सेवा बंद रहा. सिर्फ इमरजेंसी वार्ड में ही पेसेंट का इलाज हो पाया. धरना पर बैठे कर्मी अपने मांग को पूरा करने को लेकर नारेबाजी कर रहे थे. अनुबंध के कर्मी और डाक्टर अपने कार्य पर तैनात थे.
