मधेपुरा-मुरलीगंज रेलखंड पर सुरसर नदी पर बलुआहा घाट के समीप रेलवे ट्रैक के कटाव का खतरा उत्पन्न हो गया है. अगर कटाव जारी रहा तो इस रेल खंड पर रेल का परिचालन बंद करने की नौबत आ सकती है.
मुरलीगंज : एक तरफ कोसी के कहर के कारण सहरसा-मानसी रेखखंड पर रेल का परिचालन रोक दिया गया है, वहीं दूसरी ओर मधेपुरा-मुरलीगंज रेलखंड पर सुरसर नदी पर बलुआहा घाट के समीप रेलवे ट्रैक के कटाव का खतरा उत्पन्न हो गया है. अगर कटाव जारी रहा तो इस रेल खंड पर रेल का परिचालन बंद करने की नौबत आ सकती है. वर्ष 2008 में कोसी जब तटबंध से आजाद हुई तो नदी ने सुरसर को ही अपनी मुख्य धारा बना लिया था. नतीजतन बलुआहा घाट पर बना सड़क पुल ध्वस्त हो गया था. उसके बाद यहां एक नया सड़क पुल बनाया गया.
आमान परिवर्तन के दौरान बलुआहा घाट पर नया रेल ट्रैक बनाया गया लेकिन नदी की धार से ट्रैक को सुरक्षित करने के लिए बोल्डर क्रेटिंग नहीं की गयी. अब नदी की धारा रेलवे ट्रैक के बिल्कुल समीप से होकर बह रही है. धीरे-धीरे मिट्टी का कटाव बढ़ता जा रहा है.
यह जगह दीनापट्टी हाल्ट के निकट है. इस खतरे को देखते हुए फिलवक्त रेलवे की ओर अब तक सुरक्षात्मक कदम नहीं उठाया गया है. हालांकि सूचना पर कटाव स्थल कर स्थिति का जायजा लेने पहुंचे मधेपुरा पीडब्ल्यूआइ सुनील कुमार ने बताया कि स्टोन और बालू डाल कर कटाव को रोकने का प्रयास किया जा रहा है. ट्रेन को काफी धीमी गति से गुजारा जा रहा है. वरीय अधिकारियों को स्थिति से अवगत कराया जा रहा है.
