वाल्मीकिनगर स्टेट हाईवे पर रात के अंधेरे में सड़क पर निकला खूंखार तेंदुआ, देखते ही बाइक सवार का छूटा पसीना

Bihar News: वाल्मीकिनगर स्टेट हाईवे पर गाड़ियों की तेज लाइट की वजह से तेंदुआ करीब तीन मिनट तक सड़क के किनारे खड़ा रहा. फिर मुड़कर घने जंगलों में घुस गया.

बिहार के बगहा के मदनपुर-वाल्मीकिनगर स्टेट हाईवे मार्ग पर शुक्रवार की रात धोबहा से आगे दो बाइक सवार और चार पहिया वाहन गुजर रहे थे. इसी क्रम में अचानक से दो तेंदुआ सामने दिखा. रात का समय होने की वजह से बाइक सवार तेंदुआ के एकदम करीब पहुंच गया था. लेकिन, नजर पड़ते ही उसने अपनी गाड़ी को रोक दिया. रात का समय होने के कारण गाड़ियों की तेज लाइट की वजह से तेंदुए करीब तीन मिनट तक सड़क के किनारे खड़ा रहा. फिर मुड़कर घने जंगलों में घुस गया. चार पहिया वाहन चला रहे शख्स ने अपनी गाड़ी रोक कर तेंदुए का वीडियो बनाना शुरू कर दिया.

बाइक सवार तेंदुए से महज लगभग दस मीटर दूरी पर जा रुके और तुरंत ही अपनी वाहन मोड़ कर डर के मारे वापस लौट गए थे. बगहा के रहने वाले राकेश जायसवाल, सुधीर गुप्ता, अनीश तिवारी, नवीन पांडेय ने बताया कि कई दफा जंगल में सफारी करने गए हैं. लेकिन सफारी के दौरान कभी भी बाघ नजर नहीं आया. लेकिन गाड़ी से आने के दौरान रात में तेंदुआ जरुर दिखाई दिया. जीवन में पहली बार सामने से तेंदुआ दिखाई दिया था. इससे पहले चिड़िया घर में हम लोगों ने देखा था. लेकिन खुले में तेंदुए को देखकर अच्छा भी लगा. इसके साथ ही थोड़ा डर भी लगा.

अक्सर सड़कों पर नजर आ जाते हैं वन्यजीव

वाल्मीकि टाइगर रिजर्व के वन संरक्षक सह क्षेत्र निदेशक डॉ. नेशामणि के. ने बताया कि वीटीआर में बाघ व तेंदुआ की संख्या है, तभी तो दिख रहे हैं. आंकड़े के अनुसार वीटीआर में कुल 54 बाघों की संख्या बताई जा रही है. प्रत्येक वर्ष इनकी संख्या बढ़ रही है. सीएफ ने बताया कि वीटीआर के जंगल में बाघों की दहाड़ सुनाई देने लगी है. जंगलों से गुजरी प्रत्येक सड़कों पर कहीं ना कहीं बाघ, तेंदुआ, हिरण, मोर, भालू आदि जंगली जानवर दिखाई देने लगे हैं. हाल ही में 29 जुलाई टाइगर डे के अवसर पर बाघों की संख्या की घोषणा की गयी थी. हालांकि 30 जुलाई को एक बाघ का रेस्क्यू कर इलाज के लिए बाहर भेजा गया है. बढ़ती हुई संख्या के आधार पर वीटीआर को वेरी गुड के श्रेणी में रखा गया है.

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By RajeshKumar Ojha

Senior Journalist with more than 20 years of experience in reporting for Print & Digital.

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >