Spiritual Event: सूर्यगढ़ा (लखीसराय). प्रजापिता ब्रह्माकुमारी ईश्वरीय विश्व विद्यालय के ब्रह्माकुमारीज राजयोग केंद्र, भिरहा के तत्वावधान में आयोजित श्रीमद्भगवद्गीता के आध्यात्मिक रहस्य द्वारा जीवन जीने की कला प्रवचनमाला एवं द्वादश ज्योतिर्लिंग दर्शन मेले का शुभारंभ बुधवार को भव्य कलश शोभायात्रा के साथ हुआ. गुरु पूर्णिमा के पावन अवसर पर निकली शोभायात्रा में सैकड़ों माताओं एवं बहनों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया.
देवी-देवताओं की झांकियां बनीं आकर्षण का केंद्र
भिरहा राजयोग केंद्र से निकली शोभायात्रा नगर के विभिन्न गली-मोहल्लों से होकर कार्यक्रम स्थल पहुंची. शोभायात्रा में देवी-देवताओं की आकर्षक झांकियां, शिव ध्वज और आध्यात्मिक संदेश लोगों के आकर्षण का केंद्र रहे. मार्ग में कई स्थानों पर स्थानीय लोगों ने पुष्पवर्षा कर श्रद्धालुओं का स्वागत किया.
राजयोग के माध्यम से दिया गया सकारात्मक जीवन का संदेश
शोभायात्रा के दौरान नशामुक्त, तनावमुक्त और संस्कारयुक्त समाज निर्माण का संदेश दिया गया. श्रद्धालुओं को राजयोग मेडिटेशन के माध्यम से आत्मिक शांति, सकारात्मक सोच और श्रेष्ठ जीवनशैली अपनाने के लिए प्रेरित किया गया.
5 अगस्त तक चलेगी प्रवचनमाला
आयोजकों ने बताया कि 30 जुलाई से 5 अगस्त तक प्रतिदिन शाम 5 बजे "श्रीमद्भगवद्गीता के आध्यात्मिक रहस्य द्वारा जीवन जीने की कला" विषय पर प्रवचनमाला आयोजित की जाएगी. इसमें आध्यात्मिक जीवन, गीता ज्ञान और जीवन प्रबंधन से जुड़े विभिन्न विषयों पर मार्गदर्शन दिया जायेगा.
द्वादश ज्योतिर्लिंग दर्शन मेला और मेडिटेशन शिविर
Spiritual Event: द्वादश ज्योतिर्लिंग दर्शन मेला प्रतिदिन सुबह 7 बजे से 11 बजे तक तथा शाम 4 बजे से रात 8 बजे तक श्रद्धालुओं के लिए खुला रहेगा. इसके अलावा 31 जुलाई से प्रतिदिन सुबह 7 बजे से 8:30 बजे तक निःशुल्क राजयोग मेडिटेशन शिविर का आयोजन किया जाएगा.आयोजकों ने भिरहा, सूर्यगढ़ा एवं आसपास के क्षेत्रों के श्रद्धालुओं से परिवार सहित इस आध्यात्मिक महोत्सव में शामिल होने की अपील की. उन्होंने कहा कि गीता ज्ञान, राजयोग मेडिटेशन और आध्यात्मिक जीवनशैली अपनाकर तनावमुक्त, व्यसनमुक्त और सुखी जीवन की दिशा में आगे बढ़ा जा सकता है.
