गरीबों के मसीहा थे पूर्व सांसद भोला मांझी जमुई. पूर्व सांसद स्व भोला मांझी का जन्म सन 1920 ई में खैरमा गांव के धन्नु मांझी के घर में हुआ था. ये अपने माता-पिता के तीसरे संतान थे और इनका बचपन गरीबी में गुजरा था. इनके पिता धन्नु मांझी मजदूरी कर अपने परिवार का पालन-पोषण करते थे. सन 1938 ई में इन्होंने अंगरेजी से मिडिल की परीक्षा पास की और 1939 ई में शिक्षक प्रशिक्षण पास किया. 1941 ई में लक्ष्मीपुर प्रखंड के गौरा गांव में शिक्षक के पद पर अपना योगदान दिया और हरनी, काकन, महिसौड़ी आदि में भी शिक्षक के रूप में पदस्थापित रहे. सन 1946 ई में भाकपा के बड़े नेताओं के संपर्क में आये और 1951 में शिक्षक की नौकरी छोड़ कर भाकपा की सदस्यता ग्रहण कर ली. 1955 में गरीबों को छप्पर देने तथा छुआ छुत के खिलाफ 14 दिनों तक अनशन पर रहे. 1957 में सिकंदरा से विधायक निर्वाचित हुए और 1971 में जमुई संसदीय क्षेत्र से सांसद के रूप में निर्वाचित हुए. 1988 में खेत मजदूर यूनियन की स्थापना की और अपने जीवन के आखिरी क्षण तक ये मजदूर यूनियन के प्रदेश अध्यक्ष बने रहे. 18 दिसंबर 2001 को इनका देहांत हो गया.
गरीबों के मसीहा थे पूर्व सांसद भोला मांझी
गरीबों के मसीहा थे पूर्व सांसद भोला मांझी जमुई. पूर्व सांसद स्व भोला मांझी का जन्म सन 1920 ई में खैरमा गांव के धन्नु मांझी के घर में हुआ था. ये अपने माता-पिता के तीसरे संतान थे और इनका बचपन गरीबी में गुजरा था. इनके पिता धन्नु मांझी मजदूरी कर अपने परिवार का पालन-पोषण करते […]
