पौआखाली. भारत-नेपाल सीमा पर सुरक्षा व्यवस्था को और अधिक पुख्ता करने के उद्देश्य से मंगलवार को एक महत्वपूर्ण समन्वय बैठक आयोजित की गयी. जियापोखर पुलिस और 19वीं वाहिनी सशस्त्र सीमा बल (एसएसबी) कैंप कद्दूभिट्ठा के पदाधिकारियों के बीच हुई बैठक का केंद्र बिंदु सीमावर्ती क्षेत्रों में शांति व्यवस्था बनाये रखना और असामाजिक तत्वों पर कड़ी निगरानी के साथ नकेल कसना रहा है. बैठक के उपरांत पुलिस और एसएसबी के जवानों ने संयुक्त रूप से सीमावर्ती गांवों में गश्त की. इस कवायद के उद्देश्य स्थानीय ग्रामीणों में सुरक्षा का भाव पैदा करना और सीमा पार से होने वाली अवैध गतिविधियों की निगरानी समेत असामाजिक तत्वों को कड़ा संदेश देना है. बैठक के दौरान दोनों बलों के अधिकारियों ने सीमा क्षेत्र से जुड़े कई महत्वपूर्ण विषयों पर चर्चा की. मादक पदार्थों की तस्करी अन्य प्रतिबंधित पदार्थों की आवाजाही पर कड़ी निगरानी बनाये रखने के साथ ही सीमावर्ती क्षेत्रों में मानव तस्करी जैसी जघन्य घटनाओं को रोकने के लिए खुफिया तंत्र को मजबूत करने, किसी भी संदिग्ध गतिविधि या संदिग्ध व्यक्ति की जानकारी तत्काल एक-दूसरे के साथ साझा करने आदि पर चर्चा हुई. अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि सीमावर्ती क्षेत्रों में कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस और एसएसबी के बीच बेहतर तालमेल अनिवार्य है. बैठक में मौजूद पदाधिकारियों ने स्थानीय नागरिकों से भी अपील की कि यदि उन्हें कोई भी संदिग्ध गतिविधि दिखे, तो वे तुरंत नजदीकी थाने या एसएसबी कैंप को सूचित करें. मौके पर जियापोखर थानाध्यक्ष गौतम कुमार, एसआइ दिनेश यादव और कद्दूभिट्ठा एसएसबी कैंप से इंस्पेक्टर खुशी लाल राय मौजूद थे.
असामाजिक तत्वों पर रखनी है कड़ी निगरानी
जियापोखर पुलिस व एसएसबी पदाधिकारियों की समन्वय बैठक आयोजित
