सीमांचल के सीमावर्ती जिले किशनगंज में मौसम का मिजाज तेजी से बदलने वाला है. मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के ताजा पूर्वानुमान के अनुसार, मंगलवार को जिले भर में आसमान में घने काले बादलों का डेरा रहेगा और अधिकांश क्षेत्रों में गरज-चमक के साथ मध्यम से भारी बारिश की संभावना है. इस दौरान 50 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज आंधी और झोंकेदार हवाएं चलने की चेतावनी दी गई है. मौसम के इस बदले रुख से जहां एक तरफ धान व अन्य खरीफ फसलों को नया जीवन मिलेगा, वहीं प्रशासन ने वज्रपात और तेज आंधी के खतरे को देखते हुए आम लोगों को सतर्क रहने की अपील की है.
तापमान, उमस और बादलों की स्थिति
मंगलवार को जिले में मौसमी परिस्थितियां कुछ इस प्रकार रहने का अनुमान है:
- तापमान का दायरा: जिले का अधिकतम तापमान लगभग 30 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 25 डिग्री सेल्सियस के आसपास दर्ज किया जा सकता है.
- उमस का प्रभाव: वातावरण में आर्द्रता (नमी) की अत्यधिक मात्रा के कारण बारिश से पहले लोगों को तीखी उमस भरी गर्मी का सामना करना पड़ सकता है.
- आंधी-तूफान की आशंका: मौसम विभाग ने 50 से 60 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से चलने वाली तेज हवाओं और आकाशीय बिजली चमकने की आशंका जताई है.
खरीफ फसलों और किसानों के लिए वरदान बनेगी बारिश
जिले के कृषि क्षेत्र के लिए यह मौसमी बदलाव बड़ी राहत लेकर आ रहा है:
- धान की फसल को संजीवनी: जिले में धान की रोपाई के बाद सिंचाई की सख्त दरकार थी. ऐसे समय में यह बारिश फसलों के लिए अमृत साबित होगी और किसानों के सिंचाई खर्च में भारी कमी आएगी.
- किसानों में खुशी: लंबे इंतजार के बाद बारिश के मजबूत मौसमी सिस्टम के सक्रिय होने से जिले के अन्नदाताओं के चेहरे खिल उठे हैं.
मौसम विभाग और प्रशासन की सुरक्षा एडवाइजरी
तेज आंधी और मेघ गर्जन को देखते हुए नागरिकों को एहतियात बरतने के निर्देश दिए गए हैं:
- खुले स्थानों व पेड़ों से दूरी: तेज हवा और गरज-चमक के समय खुले खेतों, बड़े पेड़ों, टीन-शेड और जर्जर बिजली के खंभों के नीचे शरण न लें.
- अनावश्यक बाहर निकलने से बचें: वज्रपात की आशंका को देखते हुए मौसम खराब रहने के दौरान घरों में सुरक्षित रहें और बिना जरूरी काम के बाहर न निकलें.
- इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों का उपयोग: बारिश और बिजली कड़कने के दौरान बिजली के उपकरणों के इस्तेमाल में सावधानी बरतें.
