किशनगंज से गौरव कुमार की रिपोर्ट
Kishanganj Police: बिहार के सीमावर्ती जिला किशनगंज में विधि-व्यवस्था को और मजबूत करने तथा आपराधिक गतिविधियों पर कड़ाई से अंकुश लगाने के लिए पुलिस महकमे में व्यापक फेरबदल किया गया है. किशनगंज के पुलिस अधीक्षक (SP) द्वारा जारी आधिकारिक आदेश के तहत जिले के तीन प्रमुख थानों—ठाकुरगंज, बहादुरगंज और पोठिया में नए पुलिस सर्किंल इंस्पेक्टरों को थानाध्यक्ष के रूप में प्रतिनियुक्त किया गया है. इस प्रशासनिक बदलाव को प्रमंडल में अपराध नियंत्रण, लंबित मामलों के त्वरित निष्पादन और पुलिसिंग व्यवस्था को जमीनी स्तर पर अधिक पारदर्शी बनाने की दिशा में एक अहम कदम माना जा रहा है.
अंजय अमन को ठाकुरगंज तो सुनील कुमार को बहादुरगंज की कमान
- ठाकुरगंज थाना: पुलिस निरीक्षक अंजय अमन को ठाकुरगंज थाना का नया थानाध्यक्ष नियुक्त किया गया है, जिन्हें क्षेत्र में शांति व्यवस्था बनाए रखने की मुख्य जिम्मेदारी सौंपी गई है.
- बहादुरगंज थाना: पुलिस निरीक्षक सुनील कुमार को बहादुरगंज थाना की कमान सौंपी गई है. सीमावर्ती इलाका होने के कारण इस संवेदनशील क्षेत्र में उनकी तैनाती काफी महत्वपूर्ण मानी जा रही है.
- पोठिया थाना: पुलिस निरीक्षक संजय पाण्डेय को पोठिया थाना का नया थानाध्यक्ष बनाया गया है.
अपराध नियंत्रण और जन शिकायतों का त्वरित निपटारा होगी मुख्य प्राथमिकता
तत्काल प्रभाव से योगदान देने का निर्देश: एसपी कार्यालय द्वारा पत्र निर्गत होने के साथ ही सभी नवनियुक्त पुलिस पदाधिकारियों को बिना किसी विलंब के अपने नए पदस्थापन स्थल पर जाकर योगदान (ज्वाइन) करने और पूर्ववर्ती प्रभारियों से चार्ज लेने को कहा गया है.
| नया पदस्थापन स्थल (थाना) | नवनियुक्त थानाध्यक्ष (SHO) का नाम | पदनाम (रैंक) | मुख्य विभागीय कार्ययोजना व लक्ष्य |
| ठाकुरगंज थाना | अंजय अमन | पुलिस निरीक्षक (Inspector) | * संगठित अपराध पर प्रभावी रोक * जन शिकायतों का ससमय निपटारा |
| बहादुरगंज थाना | सुनील कुमार | पुलिस निरीक्षक (Inspector) | * सामुदायिक पुलिसिंग को बढ़ावा देना * गश्ती व्यवस्था को सुदृढ़ करना |
| पोठिया थाना | संजय पाण्डेय | पुलिस निरीक्षक (Inspector) | * आंतरिक सुरक्षा व विधि-व्यवस्था बहाल रखना * आमजन में पुलिस के प्रति विश्वास जगाना |
आम जनता के बीच चर्चा का माहौल:
किशनगंज जिले में अचानक हुए इस पुलिसिया फेरबदल को लेकर आम नागरिकों और व्यावसायिक संगठनों के बीच सकारात्मक चर्चा बनी हुई है. स्थानीय लोगों का मानना है कि नए अधिकारियों के आने से क्षेत्र में रात्रि गश्ती तेज होगी और आम लोगों की समस्याओं की सुनवाई थानों में अधिक संवेदनशीलता से की जा सकेगी. सूत्रों के मुताबिक, सभी नए थानाध्यक्ष प्रभार ग्रहण करने के बाद अपने-अपने क्षेत्रों के जनप्रतिनिधियों और प्रबुद्ध नागरिकों के साथ मिलकर अपराध नियंत्रण के लिए एक नई और प्रभावी कार्ययोजना साझा करेंगे.
