किशनगंज. कांडों के अनुसंधान में गलत जांच रिपोर्ट देकर अभियोजन को कमजोर करने वाले पुलिस पदाधिकारियों के खिलाफ अब कार्रवाई की जाएगी. ऐसे पदाधिकारियों को चिन्हित कर उनके खिलाफ साक्ष्य सहित रिपोर्ट मांगी गयी है, जिनकी लापरवाही या गलत अनुसंधान के कारण दोषियों को सजा मिलने में देरी होती है. सोमवार को पुलिस सभागार में आयोजित क्राइम मीटिंग के दौरान एसपी संतोष कुमार ने जिले के पुलिस पदाधिकारियों को यह निर्देश दिया.
दस घंटे चली क्राइम मीटिंग, थानावार मामलों की हुई समीक्षा
क्राइम मीटिंग करीब दस घंटे तक चली. सुबह साढ़े दस बजे शुरू हुई बैठक रात करीब दस बजे समाप्त हुई. इस दौरान एसपी ने जिले के सभी थानों के थानाध्यक्षों से थानावार कांडों की समीक्षा की. लंबित मामलों, अनुसंधान की प्रगति, गिरफ्तारी और अपराध नियंत्रण को लेकर अधिकारियों से जानकारी ली गयी.
एसपी ने स्पष्ट किया कि कांडों के अनुसंधान में किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी. उन्होंने पुलिस पदाधिकारियों को साक्ष्यों के आधार पर निष्पक्ष और गुणवत्तापूर्ण अनुसंधान सुनिश्चित करने का निर्देश दिया.
रोज चलेगा 'नशा मुक्त किशनगंज अभियान'
एसपी ने जिले के सभी थानाध्यक्षों को प्रतिदिन 'नशा मुक्त किशनगंज अभियान' चलाने का निर्देश दिया. अलग-अलग दिनों में थानाध्यक्ष, अपर थानाध्यक्ष, पुलिस पदाधिकारी और पुलिसकर्मी अभियान का नेतृत्व करेंगे. डीएसपी और अंचल पुलिस निरीक्षकों को भी अभियान में शामिल होने को कहा गया है.
मादक पदार्थों की तस्करी, भंडारण, बिक्री और सेवन के खिलाफ एएनटीएफ को कार्रवाई और तेज करने का निर्देश दिया गया. पुलिस को नशे के कारोबार से जुड़े लोगों की पहचान कर प्रभावी कार्रवाई करने पर जोर दिया गया.
महिला सुरक्षा के लिए हॉटस्पॉट पर चलेगी पिंक पेट्रोलिंग
महिलाओं की सुरक्षा को लेकर भी एसपी ने विशेष निर्देश दिए. पुलिस दीदी पेट्रोलिंग को ईआरएसएस डायल-112 से जोड़ते हुए स्कूल, कॉलेज, कोचिंग संस्थान, गर्ल्स हॉस्टल, पार्क और बाजार जैसे हॉटस्पॉट पर पिंक पेट्रोलिंग, जनसंवाद और जागरूकता अभियान चलाने को कहा गया.
एसपी ने महिला सुरक्षा से जुड़े मामलों में पुलिस की त्वरित पहुंच और लगातार निगरानी सुनिश्चित करने पर जोर दिया.
विश्वकर्मा पूजा और दुर्गापूजा को लेकर बढ़ेगी सतर्कता
आगामी विश्वकर्मा पूजा, गणेश चतुर्थी और दुर्गापूजा को देखते हुए पुलिस को विशेष सतर्कता बरतने और निरोधात्मक कार्रवाई बढ़ाने का निर्देश दिया गया. त्योहारों के दौरान शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए संवेदनशील क्षेत्रों पर विशेष नजर रखने को कहा गया.
शराब, लॉटरी, मानव तस्करी, पशु तस्करी, ड्रग्स, बालू, भू-माफिया और इंट्री माफिया समेत सभी प्रकार के संगठित अपराध पर प्रभावी अंकुश लगाने का निर्देश दिया गया.
कोटपा एक्ट में बेहतर कार्रवाई करने वाले सात थाने पुरस्कृत
अगस्त में कोटपा एक्ट-2023 के तहत बेहतर कार्रवाई करने वाले सात थानों के थानाध्यक्षों को पुरस्कृत किया गया. इनमें पोठिया, टेढ़ागाछ, फतेहपुर, बीबीगंज, जियापोखर, ठाकुरगंज और गलगलिया थाना शामिल हैं.
वहीं कोटपा कानून के तहत कार्रवाई नहीं करने वाले 16 थानाध्यक्षों को चेतावनी दी गयी. बैठक में पुलिस अधिकारियों को कानून के प्रावधानों के तहत नियमित और प्रभावी कार्रवाई करने का निर्देश दिया गया.
शांति समितियों और बीट पुलिसिंग को मजबूत करने पर जोर
क्राइम मीटिंग में शांति समितियों के पुनर्गठन और आदिवासी समुदाय के साथ जनसंवाद बढ़ाने के निर्देश भी दिए गए. चौकीदारों को आसूचना संकलन का प्रशिक्षण देने के साथ बीट एवं सेक्टर पुलिसिंग को मजबूत करने पर जोर दिया गया. इसके अलावा विवादित भूमि की सूची तैयार कर उस पर निगरानी रखने का निर्देश दिया गया, ताकि जमीन संबंधी विवादों को समय रहते नियंत्रित किया जा सके और संभावित आपराधिक घटनाओं को रोका जा सके.
नशे की सूचना एएनटीएफ हेल्पलाइन पर देने की अपील
एसपी संतोष कुमार ने बताया कि मादक पदार्थों से संबंधित किसी भी सूचना की जानकारी एएनटीएफ हेल्पलाइन 9031816150 पर दी जा सकती है. उन्होंने कहा कि सूचना देने वाले व्यक्ति की पहचान पूरी तरह गोपनीय रखी जाएगी.
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