किशनगंज : भारत-नेपाल सीमा पर सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत करने तथा सीमा पार होने वाली तस्करी और अन्य अवैध गतिविधियों पर प्रभावी अंकुश लगाने को लेकर ठाकुरगंज में दोनों देशों के अधिकारियों ने मंथन किया. इस दौरान सीमा सुरक्षा, अपराध नियंत्रण और खुफिया सूचनाओं के त्वरित आदान-प्रदान पर विशेष जोर दिया गया.
19वीं वाहिनी सशस्त्र सीमा बल, ठाकुरगंज के परिसर में 20 अगस्त को भारत-नेपाल सीमा जिला स्तरीय समन्वय समिति की 19वीं बैठक आयोजित की गई. बैठक में सीमा सुरक्षा से जुड़े कई महत्वपूर्ण मुद्दों पर भारत और नेपाल के अधिकारियों के बीच विस्तृत चर्चा हुई.
मादक पदार्थों की तस्करी पर बनेगी संयुक्त रणनीति
बैठक में मादक पदार्थों और प्रतिबंधित सामान की तस्करी, सीमा पार अपराध, संदिग्ध गतिविधियों और आर्थिक अपराधों पर प्रभावी नियंत्रण को लेकर रणनीति बनाई गई. दोनों देशों की सुरक्षा और खुफिया एजेंसियों के बीच सूचनाओं के त्वरित आदान-प्रदान को भी जरूरी बताया गया.
खुली सीमा के बीच सुरक्षा बड़ी चुनौती
भारत-नेपाल की खुली सीमा दोनों देशों के बीच सामाजिक और आर्थिक रिश्तों की महत्वपूर्ण कड़ी है. हालांकि, इसी का फायदा उठाकर तस्करी और अन्य अवैध गतिविधियों को अंजाम देने की चुनौती भी बनी रहती है. ऐसे में ठाकुरगंज में आयोजित यह बैठक सीमा सुरक्षा के लिहाज से काफी महत्वपूर्ण मानी जा रही है.
खासकर किशनगंज जिले से सटी सीमा पर भारतीय और नेपाली एजेंसियों के बीच बेहतर तालमेल से संदिग्ध गतिविधियों की पहचान और कार्रवाई को और गति मिलने की उम्मीद है.
आपात स्थिति में तुरंत साझा होगी सूचना
बैठक में इस बात पर जोर दिया गया कि सीमा क्षेत्र में किसी भी संदिग्ध गतिविधि अथवा सीमा पार अपराध की सूचना मिलने पर संबंधित एजेंसियों के बीच तत्काल सूचना साझा की जाए. किसी भी आपात स्थिति में दोनों देशों की सुरक्षा और कानून प्रवर्तन एजेंसियां आपसी समन्वय के साथ त्वरित कार्रवाई करेंगी.
बैठक में किशनगंज के जिलाधिकारी नवीन कुमार, पुलिस अधीक्षक संतोष कुमार, नेपाल के झापा के प्रमुख जिला अधिकारी शिवराम गेलल, मोरंग के प्रमुख जिला अधिकारी युवराज कटेल, नेपाल पुलिस के पुलिस अधीक्षक, सशस्त्र पुलिस बल के पदाधिकारी सहित दोनों देशों के संबंधित अधिकारी मौजूद रहे.
बैठक का मकसद साफ रहा कि सीमा खुली रहे, लेकिन सुरक्षा व्यवस्था में कोई ढिलाई नहीं हो. दोनों देशों की एजेंसियों के मजबूत समन्वय से सीमा पार अपराध, तस्करी और संदिग्ध गतिविधियों पर प्रभावी नियंत्रण स्थापित करने की दिशा में काम किया जाएगा.
