किशनगंज जिलाधिकारी विशाल राज द्वारा आज ऐतिहासिक महीनगांव स्टेट का भ्रमण किया गया. इस दौरे का मुख्य उद्देश्य ‘ज्ञान भारतम’ परियोजना के अंतर्गत स्टेट में संरक्षित प्राचीन एवं दुर्लभ पांडुलिपियों का अवलोकन करना तथा उनके संरक्षण की दिशा में आवश्यक कदम सुनिश्चित करना था. निरीक्षण के क्रम में जिलाधिकारी ने हस्तलिखित ‘शाहनामा’ (फिरदौसी द्वारा रचित) तथा अत्यंत प्राचीन ‘कुरान शरीफ’ की दुर्लभ प्रतियों का अवलोकन किया. ये पांडुलिपियां अपनी उत्कृष्ट कलात्मकता एवं ऐतिहासिक महत्व के दृष्टिकोण से अत्यंत महत्वपूर्ण हैं. इसके अतिरिक्त स्टेट कालीन विभिन्न ऐतिहासिक मुहरों एवं दस्तावेजों का भी निरीक्षण किया गया, जो उस समय की प्रशासनिक व्यवस्था एवं सांस्कृतिक विरासत को दर्शाते हैं. जिलाधिकारी ने इन अमूल्य धरोहरों के संरक्षण पर विशेष बल देते हुए निर्देश दिया कि पांडुलिपियों को दीमक एवं अन्य प्राकृतिक क्षति से सुरक्षित रखने हेतु वैज्ञानिक पद्धति से संरक्षण कार्य किया जाए. साथ ही, इन पांडुलिपियों का डिजिटलीकरण कर उन्हें सुरक्षित रखने एवं भावी पीढ़ियों के लिए सुलभ बनाने हेतु आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया. उन्होंने कहा कि इस प्रकार की ऐतिहासिक धरोहरें हमारी समृद्ध सांस्कृतिक विरासत की पहचान हैं, जिनका संरक्षण अत्यंत आवश्यक है, ताकि आने वाली पीढ़ियाँ भी इनसे परिचित हो सकें.
डीएम ने महीनगांव स्टेट का किया निरीक्षण, दुर्लभ पांडुलिपियों के संरक्षण पर दिया जोर
जिलाधिकारी ने इन अमूल्य धरोहरों के संरक्षण पर विशेष बल देते हुए निर्देश दिया कि पांडुलिपियों को दीमक एवं अन्य प्राकृतिक क्षति से सुरक्षित रखने हेतु वैज्ञानिक पद्धति से संरक्षण कार्य किया जाए
