Government School Rules : बिहार के सरकारी विद्यालयों में लगातार मिल रही अनुशासनहीनता और शैक्षणिक गरिमा से जुड़ी शिकायतों के बाद शिक्षा विभाग ने सख्त रुख अपनाया है. सभी जिला शिक्षा पदाधिकारियों (डीईओ) को निर्देश दिया गया है कि शिक्षक और शिक्षकेत्तर कर्मचारी विद्यालय में केवल फॉर्मल ड्रेस पहनकर आएं. साथ ही विद्यालय परिसर में किसी भी प्रकार की अमर्यादित या अशोभनीय गतिविधि पर तत्काल कार्रवाई सुनिश्चित की जाए.
शिक्षा विभाग का नया आदेश, सभी जिलों को सख्त निर्देश
शिक्षा विभाग के निदेशक (प्रशासन) द्वारा 20 जुलाई 2026 को जारी आदेश में राज्य के सभी जिला शिक्षा पदाधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए गए हैं कि सरकारी विद्यालयों और अन्य शैक्षणिक संस्थानों में पहले से जारी दिशा-निर्देशों का शत-प्रतिशत पालन सुनिश्चित कराया जाए. विभाग ने कहा है कि हाल के दिनों में विभिन्न माध्यमों से लगातार ऐसी शिकायतें मिल रही थीं कि कई विद्यालयों में अनुशासन और शालीनता संबंधी नियमों का पालन नहीं हो रहा है, जिससे शैक्षणिक वातावरण प्रभावित हो रहा है.
फॉर्मल ड्रेस में ही विद्यालय आएंगे शिक्षक और कर्मचारी
नए निर्देश के अनुसार शिक्षण और कार्यालय अवधि के दौरान सभी शिक्षक एवं शिक्षकेत्तर कर्मचारियों को औपचारिक (फॉर्मल) परिधान में ही विद्यालय आना होगा. विभाग ने इस बात पर भी जोर दिया है कि शिक्षकों का व्यवहार और व्यक्तित्व विद्यार्थियों के लिए आदर्श होना चाहिए, ताकि विद्यालयों में अनुशासन और सकारात्मक माहौल कायम रहे.
अमर्यादित गतिविधियों पर होगी तत्काल कार्रवाई
आदेश में साफ कहा गया है कि विद्यालय परिसर में किसी भी प्रकार की अमर्यादित, अशोभनीय या शैक्षणिक गरिमा के प्रतिकूल गतिविधियों को किसी भी स्थिति में स्वीकार नहीं किया जाएगा. यदि कहीं इस प्रकार की शिकायत सामने आती है तो संबंधित अधिकारी तत्काल कार्रवाई करेंगे और इसकी सूचना शिक्षा विभाग को उपलब्ध कराएंगे.
पहले भी जारी हो चुके हैं निर्देश
शिक्षा विभाग ने याद दिलाया है कि 9 अक्टूबर 2024 को भी विद्यालयों में अनुशासन, शालीन व्यवहार और गरिमामय वातावरण बनाए रखने के संबंध में विस्तृत दिशा-निर्देश जारी किए गए थे. इसके बावजूद लगातार शिकायतें मिलने के कारण विभाग को एक बार फिर सख्त आदेश जारी करना पड़ा है.
अब बढ़ेगी निगरानी, नियमों के पालन पर रहेगा जोर
ताजा आदेश के बाद पूरे बिहार के सरकारी विद्यालयों में अनुशासन और शैक्षणिक गरिमा को लेकर प्रशासनिक सख्ती बढ़ने के संकेत हैं. शिक्षा विभाग ने स्पष्ट कर दिया है कि विद्यालयों की गरिमा से किसी भी प्रकार का समझौता स्वीकार नहीं किया जाएगा और सभी जिला शिक्षा पदाधिकारी नियमित निगरानी कर आदेश का प्रभावी अनुपालन सुनिश्चित करेंगे.
