जातीय जनगणना व भूमि सर्वे पर श्वेत पत्र जारी करें सरकार: जिलाध्यक्ष

जमीन से जुड़े विवादों के कारण अपराध लगातार बढ़ रहे हैं.

11 मई से 40 हजार गांवों में चलेगा अभियान, 1 करोड़ हस्ताक्षर से सरकार को दी जाएगी चुनौती ……….. खगड़िया. बिहार सरकार ने 7 नवंबर 2023 को जातीय जनगणना का आंकड़ा पेश किया. 22 नवंबर को कई बड़े वादे किए थे. लेकिन आज तक कोई वादा जमीन पर नहीं उतरा. जन सुराज अब इन मुद्दों पर सरकार से जवाब मांगते हुए आंदोलन शुरू करने जा रहा है. स्थानीय जन सुराज के जिला अध्यक्ष विनय कुमार वरुण ने कहा कि सरकार जातीय जनगणना और भूमि सर्वेक्षण पर श्वेत पत्र जारी करें. विचार मंच के अध्यक्ष संतोष सहाय ने कहा कि जनगणना में आरक्षण बढ़ाने की सिफारिश हुई थी. लेकिन आज तक आरक्षण नहीं बढ़ाया गया. 94 लाख परिवारों को 2 लाख रुपये रोजगार सहायता और 40 लाख बेघर परिवारों को 1.20 लाख रुपये देने का वादा अधूरा है. 2006 के दलित विकास मिशन में भूमिहीन दलितों को जमीन देने का वादा भी अधूरा है. अब तक आधे से अधिक परिवारों को कब्जा नहीं मिला. भूमि सर्वे के नाम पर भ्रष्टाचार फैला है. जमीन से जुड़े विवादों के कारण अपराध लगातार बढ़ रहे हैं. जन सुराज 11 मई से बिहार के 40 हजार गांवों में बैठकों और हस्ताक्षर अभियान का आयोजन करेगा. 11 जुलाई को 1 करोड़ हस्ताक्षर के साथ राज्यपाल और मुख्यमंत्री को ज्ञापन सौंपा जाएगा. यदि सरकार ने तब भी सुनवाई नहीं की, तो विधानसभा के अंतिम सत्र का घेराव किया जाएगा. मौके पर जिला प्रभारी संजय सिंह, महासचिव जर्नादन सिंह, शिक्षक नेता मनीष सिंह, संगठन संयोजक गुड्डू झा, डॉ. करण, अमर रजक, जय कृष्ण, डॉ. धर्मेंद्र चौरसिया, रजनीश कुमार, चंद्र प्रकाश चंद्रवंशी आदि मौजूद थे.

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By RAJKISHORE SINGH

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