विरोध. बाढ़ पीड़ितों की समस्याओं को ले भाजपा ने दिया धरना
बाढ़ पीड़ितों को आवागमन की कोई सुविधा नहीं है. चिलचिलाती धूप से बाढ़ पीड़ितों को बचाने के लिए जिला प्रशासन मूकदर्शक है. इसके िवरोध में भाजपाइयों ने समाहरणालय के समक्ष धरना-प्रर्दशन किया.
खगड़िया : बाढ़ पीड़ितों की समस्याओं को लेकर सोमवार को भाजपाइयों ने समाहरणालय के समक्ष दिया धरना. इस अवसर पर भाजपा जिलाध्यक्ष अर्जुन शर्मा ने उपस्थित जन समूह को संबोधित करते हुए कहा कि सरकार की गलत नीतियों के कारण जिले के किसानों को प्रधान मंत्री फसल बीमा का लाभ नहीं मिलेगा. अगर समय रहते बिहार सरकार इस पर अमल करती तो किसानों को फसल का मुआवजा बीमा कंपनी करती.
उन्होंने कहा कि इस लिहाज से किसानों के फसल की क्षतिपूर्ति बिहार सरकार को करनी चाहिए. श्री शर्मा ने कहा कि बाढ़ पीड़ितों को आवागमन की कोई सुविधा नहीं है. परंतु, खगड़िया की नाव पूर्णिया में चल रही है. उन्होंने कहा कि चिलचिलाती धूप से बाढ़ पीड़ितों को बचाने के लिए जिला प्रशासन के पास कुछ भी नहीं है. पॉलिथीन 10 प्रतिशत परिवारों को भी नहीं मिला है. वहीं, बाढ़ राहत शिविरों में बाढ़ पीड़ितों को गुणवत्ता पूर्ण खाना नहीं दिया जा रहा है. इस लिए बाढ़ पीड़ितों को 20 -20 किलो सत्तू देनी चाहिए.
इधर, परबत्ता के विधायक प्रत्याशी रामानुज चौधरी ने जिला प्रशासन पर बरसते हुए कहा कि 80 प्रतिशत बाढ़ पीड़ित अपने घर व सामान की सुरक्षा के कारण अपने घरों में है. वे भूखे प्यासे है. उन्होंने ऐसे बाढ़ पीड़ितों के लिए सुखा भोजन पैकेट मुहैया कराने की मांग की. श्री चौधरी ने कहा कि जल से घिरे बाढ़ पीड़ितों को दवा की सख्त जरुरत है. उनके स्वास्थ्य की सुरक्षा को लेकर जिला प्रशासन को बाढ़ग्रस्त क्षेत्रों में स्थायी दवा कैंप लगाने की जरूरत है. इस अवसर पर भाजपा प्रतिनिधि मंडल ने जिला प्रशासन को एक ज्ञापन सौंप कर बाढ़ पीड़ितों की समस्याओं से अवगत कराया. मौके पर कंचन पटेल, विजेंद्र यादव, दिनकर पासवान, सुनील चौरसिया, सरला देवी, गोपाल चौधरी, भवानी सिंह, जीतेंद्र यादव, दिलीप सिंह, रामाकांत रजक आदि ने अपने विचार रखे.
