फोटो है 17 मेंकैप्सन- खरीदारी करते लोग खगडि़या. रमजान के पाक महीने में तीस दिनों तक रोजा रखने के बाद आने वाले ईद को ले बाजारों में भीड़ उमड़ने से चहल- पहल बढ़ गयी है. जैसे-जैसे चांद के दीदार के दिन नजदीक आ रहे हैं, बाजार की रौनक बढ़ती जा रही है. सड़क किनारे सेवइयां फल आदि के दुकान सज गये हैं. तो दूसरी तरफ कपड़े व रेडीमेड दुकान में खरीदारों की भीड़ उमड़ पड़ी है. दुकान ग्राहक से गुलजार हंै. नमाज पढ़ने के लिए विभिन्न प्रकार के डिजाइन वाली टोपियां भी बाजार में उपलब्ध है. राजेंद्र चौक, थाना रोड, जमालपुर बाजार, इस्लामपुर,जलकौड़ा चौक सहित शहर के बाजारों में जगह- जगह पर तरह-तरह की टोपियों की दुकानें सजी हुई है. रमजान में बाजारों की रौनक कई गुना बढ़ जाती है. रोजा में टोपी पहनना है अनिवार्य टोपी दुकानदार बताते हैं कि खाली सिर रहना इसलाम के खिलाफ है. टोपी पहनना सुन्नत-ए-रसूल है तथा इसलाम की पहचान है. बिना टोपी के किसी की नमाज कबूल नहीं होती. इसलिये हर मुसलमान को कम से कम नमाज के वक्त टोपी जरूर पहननी चाहिये. वहीं दूसरी ओर शहर के कपड़े और रेडिमेड दुकानों की रौनक बढ़ी हुई है. पर्व को ले कपड़े की खरीदारी जम कर हो रही है. अपनी हैसियत व सामर्थ्य के मुताबिक लोग खरीदारी में लगे हुए हैं. कुरता-पायजामा की खास डिमांड है और रेडिमेड दुकानों में तरह- तरह के कुरता – पायजामा उपलब्ध हैं. ट्रेलर मास्टर की दुकान पर भी हाउसफुल का बोर्ड लटका दिख रहा है. यानि ईद को ले बाजार जबरदस्त गरम हो गया है. प्रदेश में रहने वाले भी पर्व मनाने को ले अपने घरों की ओर आ रहे हैं. बस रोजा रखने वाले लोगों को ईद के चांद के दीदार का इंतजार है.
ईद को लेकर बाजार में बढ़ी रौनक
फोटो है 17 मेंकैप्सन- खरीदारी करते लोग खगडि़या. रमजान के पाक महीने में तीस दिनों तक रोजा रखने के बाद आने वाले ईद को ले बाजारों में भीड़ उमड़ने से चहल- पहल बढ़ गयी है. जैसे-जैसे चांद के दीदार के दिन नजदीक आ रहे हैं, बाजार की रौनक बढ़ती जा रही है. सड़क किनारे सेवइयां […]
