खगडि़या. कृषि विज्ञान केंद्र में चल रहे कृषक सलाहकार प्रशिक्षण में मशरूम उत्पादन की जानकारी दी गयी. वैज्ञानिक डॉ अनिता कुमारी ने मशरूम उत्पादन तकनीक पर विस्तारपूर्वक जानकारी दी. प्रशिक्षण के दौरान मशरूम के महत्व से लेकर उत्पादन तकनीक व प्रसंस्करण पर जानकारी दी गयी. बताया गया कि बिहार की जलवायु मशरूम उत्पादन के लिए सालों भर अनुकूल है. उन्होंने बताया कि मशरूम एक स्वादिष्ट प्रोटीन युक्त कम कैलोरी प्रदान करनेवाला खाद्य पदार्थ है. इसे सब्जी के रूप में खाया जाता है. ओयस्टर मशरूम सितंबर से मार्च, बटन मशरूम अक्तूबर से मार्च, पैडीस्ट्रा व श्वेत दूधिया मशरूम अप्रैल से सितंबर तक लगाया जा सकता है. प्रशिक्षण में जितेंद्र कुमार समेत अन्य उपस्थित थे.
मशरूम उत्पादन की दी गयी जानकारी
खगडि़या. कृषि विज्ञान केंद्र में चल रहे कृषक सलाहकार प्रशिक्षण में मशरूम उत्पादन की जानकारी दी गयी. वैज्ञानिक डॉ अनिता कुमारी ने मशरूम उत्पादन तकनीक पर विस्तारपूर्वक जानकारी दी. प्रशिक्षण के दौरान मशरूम के महत्व से लेकर उत्पादन तकनीक व प्रसंस्करण पर जानकारी दी गयी. बताया गया कि बिहार की जलवायु मशरूम उत्पादन के लिए […]
