कटिहार से नीरज की रिपोर्ट
Police Station Inspection: कटिहार जिले की कानून व्यवस्था को सुदृढ़ करने और थानों की कार्यप्रणाली को चुस्त-दुरुस्त बनाने के उद्देश्य से पुलिस अधीक्षक शिखर चौधरी ने मुफस्सिल थाने का वार्षिक निरीक्षण किया. इस दौरान एसपी ने थाने में दर्ज विभिन्न आपराधिक मामलों और लंबित कांडों के अन्वेषण (इन्वेस्टिगेशन) की बारीकी से समीक्षा की. उन्होंने अनुसंधान कार्य में जुटे सभी पुलिस पदाधिकारियों को केस डायरी अपडेट रखने और वैज्ञानिक साक्ष्यों के आधार पर मामलों का त्वरित निष्पादन करने का कड़ा निर्देश दिया. एसपी के इस औचक आगमन और सख्त रुख से थाना परिसर में काफी देर तक अफरा-तफरी का माहौल बना रहा.
मालखाना और कांड पंजी की हुई स्क्रूटनी; रिकॉर्ड्स दुरुस्त रखने के निर्देश
निरीक्षण के दौरान पुलिस अधीक्षक ने केवल फाइलों की ही जांच नहीं की, बल्कि थाने के बुनियादी ढांचे और प्रशासनिक व्यवस्था का भी ऑन-स्पॉट मुआयना किया. इसके तहत मुख्य रूप से निम्नलिखित बिंदुओं की जांच की गई:
- अभिलेख और कांड पंजी: थाने के मुख्य रिकॉर्ड्स, स्टेशन डायरी (सनहा) और कांड दैनिकियों की स्क्रूटनी की गई ताकि यह जाना जा सके कि किस केस में क्या प्रगति हुई है.
- मालखाना का भौतिक सत्यापन: विभिन्न मामलों में जब्त की गई गाड़ियों, शराब और अन्य कीमती सामानों के रखरखाव को लेकर मालखाना प्रभारी को सख्त निर्देश दिए गए.
- सुरक्षा और साफ-सफाई: एसपी ने थाना परिसर की साफ-सफाई, संतरी पोस्ट की सुरक्षा व्यवस्था और कार्यालय संचालन की कड़ियों को भी परखा और इसमें सुधार के लिए आवश्यक गाइडलाइंस जारी कीं.
“पीड़ितों के साथ संवेदनशीलता से आएं पेश, लापरवाही पर होगी कार्रवाई”: एसपी
एसपी शिखर चौधरी ने उपस्थित सभी सब-इंस्पेक्टर्स और पुलिस पदाधिकारियों को हिदायत दी कि थाने में अपनी गुहार लेकर आने वाले पीड़ितों और कमजोर वर्गों के प्रति अत्यंत संवेदनशील व्यवहार अपनाएं. उन्होंने स्पष्ट किया कि जिन मामलों में चार्जशीट (आरोप पत्र) दाखिल होने में अनावश्यक देरी हो रही है, उनके अनुसंधानकर्ता (IO) जवाबदेही तय कर रिपोर्ट सौंपें. एसपी ने कहा कि विधि-व्यवस्था संधारण और अपराध नियंत्रण के लिए क्षेत्र में रात्रि गश्त (नाइट पेट्रोलिंग) को और मजबूत किया जाए, ताकि आम नागरिक खुद को सुरक्षित महसूस कर सकें.
