– इस झील में शिकार करने पर है रोक, बावजूद हो रहा शिकार अमदाबाद अमदाबाद प्रखंड के जंगला टाल पंचायत स्थित गोगा बील झील में अवैध रूप से सिरवा पर्व के दौरान सैकड़ों की संख्या में लोग माही शिकार करने उतर गये. विभागीय एवं प्रशासनिक आदेश की अनदेखी कर अवैध रूप से माही शिकार करने के लिए लोग बड़ी संख्या पहुंचे. आलम यह था की झील में केवल माही शिकार करने वाले लोग ही नजर आ रहे थे. मौके पर अमदाबाद एवं मनिहारी पुलिस भी पहुंची थी. इसे लेकर गोगा बिल झील कम्युनिटी रिजर्व प्रबंध समिति कटिहार के अध्यक्ष अजीत प्रज्ञा कुमार एवं सदस्य रईशुदुद्दीन ने संयुक्त हस्ताक्षर कर 10 अप्रैल को जिला पदाधिकारी कटिहार को पत्र देकर कहा कि सिरवा पर्व को लेकर 11 अप्रैल से 14 अप्रैल तक इस झील में लोगों द्वारा माही शिकार की संभावना है. जिससे झील के जैव विविधता पर प्रतिकूल असर पड़ता सकता है. इसे लेकर उन्होंने कहा कि पर्यावरण वन एवं जलवायु परिवर्तन विभाग बिहार सरकार द्वारा इस झील में माही शिकार एवं चिड़िया का शिकार करना प्रतिबंधित है. मुख्यमंत्री नीतीश कुमार द्वारा 29 जनवरी 2025 को झील का हवाई सर्वेक्षण कर इसे पर्यटन स्थल के रूप में विकसित करने एवं इसका संरक्षण करने का घोषणा किया गया था. गौरतलब हो कि गोगा बिल झील कम्युनिटी रिजर्व प्रबंध समिति के अध्यक्ष व सदस्य द्वारा जिला पदाधिकारी को लिखित पत्र देने के बावजूद भी गोगा बिल झील में बड़ी संख्या में लोगों द्वारा माही शिकार किया जा रहा है. बड़ी संख्या में लोगों ने विभागीय निर्देशों को दरकिनार कर एवं बिना प्रशासनिक भय के झील में माही शिकार करने पहुंचे हैं. इस तस्वीर में स्पष्ट रूप से देखा जा सकता है कि बड़ी संख्या में लोग माही शिकार के लिए गोगा बिल झील में उतरे हुए हैं.
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